कुंदन कुमार, जहानाबाद। शैक्षणिक भ्रमण (एजुकेशनल टूर) के नाम पर झारखंड ले जाए गए 14 वर्षीय छात्र के रहस्यमय ढंग से गायब होने से हड़कंप मच गया है। पीड़ित परिवार ने कोचिंग संचालक पर अपहरण और गंभीर साजिश रचने का संगीन आरोप लगाया है।
शैक्षणिक भ्रमण का झांसा और झारखंड प्रस्थान
मामला हुलासगंज थाना क्षेत्र के कंदौल गांव निवासी राजेश दास के 14 वर्षीय पुत्र सागर कुमार से जुड़ा है, जो स्थानीय स्तर पर राकेश केसरी उर्फ बबलू के निजी कोचिंग संस्थान में नौवीं कक्षा की पढ़ाई करता था। गत 8 सितंबर 2026 को कोचिंग संचालक ने छात्र के पिता को फोन कर बच्चों को झारखंड स्थित बिजली उत्पादन केंद्र (थर्मल पावर) के शैक्षणिक भ्रमण पर ले जाने की बात कही। शिक्षक पर भरोसा करते हुए परिजनों ने बच्चे को टूर पर भेजने की सहमति दे दी।
सुनसान झरने पर ले जाने का आरोप और गायब होने की सूचना
पूर्व निर्धारित योजना के तहत 9 सितंबर 2026 को शिक्षक अपनी 7 वर्षीय बेटी और छह अन्य छात्रों को लेकर झारखंड के कोडरमा के लिए रवाना हुआ। पीड़ित पिता का आरोप है कि बच्चों को बिजली उत्पादन केंद्र दिखाने के बजाय किसी सुनसान झरने और जलस्त्रोत वाले इलाके में ले जाया गया। उसी दिन दोपहर में परिजनों को फोन कर बताया गया कि सागर कुमार नहाने के दौरान पानी में चला गया और कहीं खो गया है। हालांकि, परिजनों का दावा है कि किसी ने भी बच्चे को पानी में उतरते नहीं देखा और शिक्षक द्वारा दी गई जानकारी बेहद संदिग्ध व विरोधाभासी है।
एनडीआरएफ की खोजबीन
घटना की सूचना मिलने पर परिजन तिलैया थाना पहुंचे, जहां शिक्षक और अन्य बच्चे तो मौजूद थे, लेकिन सागर का कोई अता-पता नहीं था। 10 सितंबर से लगातार एनडीआरएफ और गोताखोरों की मदद से पानी और आसपास के इलाकों में गहन तलाशी अभियान चलाया गया, लेकिन छात्र का अब तक कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
परिजनों का आरोप है कि जब उन्होंने शिक्षक से सच जानने का प्रयास किया, तो उन्हें डराया-धमकाया गया और अभद्र व्यवहार किया गया। पीड़ित पिता ने पुलिस अधीक्षक को आवेदन देकर कोचिंग संचालक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और निष्पक्ष जांच की मांग की है, ताकि उनके बच्चे की सकुशल बरामदगी हो सके।


