मधेपुरा। सदर थाना क्षेत्र में बाइक सवार बदमाशों ने बीएन मंडल विश्वविद्यालय के पीएचडी छात्र प्रिंस रंजन की गोली मारकर हत्या कर दी। मृतक राजद विधायक प्रो. चंद्रशेखर का करीबी रिश्तेदार बताया जा रहा है। दिनदहाड़े हुई इस वारदात से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है।

​यूनिवर्सिटी जाते समय बदमाशों ने दिया घटना को अंजाम

​मिली जानकारी के अनुसार, 30 वर्षीय प्रिंस रंजन शुक्रवार दोपहर करीब बारह बजे अपने घर से बीएन मंडल विश्वविद्यालय के लिए निकले थे। जब वे गोढ़ियारी चिमनी के पास नहर के पश्चिमी हिस्से के पास पहुंचे, तो बाइक सवार दो बदमाशों ने उनकी बाइक को ओवरटेक कर रोक लिया। प्रत्यक्षदर्शी सुनीता देवी के मुताबिक, खेत में घास काटते समय अचानक गोली चलने की तेज आवाज सुनाई दी। जब आसपास के लोग मौके पर पहुंचे, तब तक दोनों बदमाश फायरिंग कर फरार हो चुके थे। प्रिंस की पीठ में गोली लगी थी, जिससे वे गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़े।

​अस्पताल ले जाने के दौरान हुई मौत

​घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों की मदद से घायल प्रिंस रंजन को मधेपुरा सदर अस्पताल पहुंचाया गया। हालांकि, डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। मृतक के फुफेरा भाई कुणाल किशोर ने बताया कि उस समय वे चौसा में राजद विधायक प्रो. चंद्रशेखर के साथ एक कार्यक्रम में जा रहे थे। कॉमर्स कॉलेज के पास पहुंचने पर उन्हें इस अनहोनी की सूचना मिली। उन्होंने जब प्रिंस के फोन पर संपर्क किया, तो किसी ग्रामीण ने फोन उठाकर उनकी मौत की जानकारी दी। परिजनों का कहना है कि प्रिंस की किसी से कोई आपसी रंजिश या दुश्मनी नहीं थी।

​विधायक प्रो. चंद्रशेखर ने कानून व्यवस्था पर उठाए सवाल

​इस घटना के बाद राजद विधायक प्रो. चंद्रशेखर ने राज्य की कानून व्यवस्था पर तीखे सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में लगातार हत्याओं का दौर जारी है। अब केवल जिला ही नहीं, बल्कि पूरा राज्य असुरक्षित हो चुका है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि मृतक उनका करीबी रिश्तेदार था और अपराधियों की पहचान कर उन्हें जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए तथा फांसी की सजा दिलाई जाए।

​पुलिस की कार्रवाई और जांच जारी

​मामले की गंभीरता को देखते हुए सदर एसडीपीओ अजय कुमार ने बताया कि साहुगढ़ के आगे राजा चिमनी भट्ठा के पास सुनसान सड़क पर लूटपाट के दौरान अपराधियों ने छात्र को गोली मारी है। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंच गई। मामले की जांच के लिए एफएसएल की टीम को भी बुलाया गया है, जो घटनास्थल से सभी महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि संदिग्धों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए ताबड़तोड़ छापेमारी की जा रही है। पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है।