ग्रेटर नोएडा. नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे पर मंगलवार (6 अक्टूबर) शाम चलती स्लीपर बस में अचानक आग लग गई. हादसा सेक्टर-148 के पास करीब 5:30 बजे हुआ. बस में दिल्ली से बिहार के मुजफ्फरपुर जा रहे 32 यात्री सवार थे. आग लगते ही यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई. सभी यात्री किसी तरह बस से बाहर निकल गए, लेकिन उनका पूरा सामान जलकर खाक हो गया. हादसे में किसी यात्री के घायल होने की सूचना नहीं है.

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इंजन से उठी आग, कुछ ही देर में पूरी बस जली

पुलिस के मुताबिक बस का नंबर BR28P3433 है और वह दिल्ली के लाल किले से मुजफ्फरपुर जा रही थी. ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क क्षेत्र में एक्सप्रेसवे पर बस के अगले हिस्से में आग लगी. कंडक्टर के शोर मचाने पर यात्रियों को घटना की जानकारी हुई. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, आग लगने के दौरान धमाके जैसी आवाज भी सुनाई दी.

सामान छोड़कर बस से बाहर भागे यात्री

आग तेजी से फैलने के कारण यात्रियों को सामान निकालने का मौका नहीं मिला. जान बचाने के लिए सभी यात्री अपना सामान बस में ही छोड़कर बाहर निकल आए. कुछ ही देर में पूरी बस आग की लपटों में घिर गई. सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया.

शॉर्ट सर्किट की आशंका, कारणों की जांच जारी

ग्रेटर नोएडा के ADCP अभय कुमार मिश्रा ने बताया कि सभी 32 यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है. यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने की व्यवस्था की गई. शुरुआती तौर पर इंजन में शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका है, लेकिन वास्तविक कारण जांच के बाद स्पष्ट होगा. बस जमना ट्रेवेल्स की बताई गई है और इसका रजिस्ट्रेशन गोपालगंज RTO से हुआ है.

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12 दिन पहले यमुना एक्सप्रेसवे पर 9 की हुई थी मौत

चलती स्लीपर बस में आग लगने की 12 दिन के भीतर यह दूसरी बड़ी घटना है. 24 सितंबर की रात यमुना एक्सप्रेसवे पर दिल्ली से महोबा जा रही स्लीपर बस में आग लग गई थी. हादसे में 9 यात्रियों की जिंदा जलने से मौत हुई थी, जबकि 26 यात्रियों ने बाहर निकलकर जान बचाई थी. FIR में यात्रियों ने बस में जलने की गंध आने और चालक-परिचालक को जानकारी देने का दावा किया था. मामले में पुलिस ने बस संचालन कंपनी के मैनेजर को गिरफ्तार किया था.