Samrat Chaudhary: राजधानी पटना में कल गुरुवार (26 मार्च) को सम्राट अशोक की 2370वीं जयंती मनाई गई। इस मौके पर अखिल भारतीय युवा कुशवाहा समाज द्वारा रवींद्र भवन में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसका शुभारंभ बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने किया। इस दौरान उन्होंने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए एक बड़ा ब्लंडर कर दिया, जिसे लेकर अब सोशल मीडिया पर सवाल उठने लगा है।

सम्राट चौधरी का वीडियो हो रहा वायरल

दरअसल कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी सम्राट अशोक के जीवन और उनकी उपलब्धियों पर प्रकाश डाल रहे थे। इस दौरान उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि, पहले भी कई राजा हुए, लेकिन कभी भी अखंड भारत का सपना साकार नहीं हो पाया। लेकिन सम्राट अशोक के दो चेहरे हैं। मैं इसलिए कह रहा हूं कि ये बिहार की उत्पत्ति हैं। यहां से दो चेहरे दिखे। एक चंड अशोक दिखा जिसने सारी मर्यादाओं को लांघा और इस अखंड भारत की कल्पना को जमीन पर लाने का काम किया।

‘जब सम्राट अशोक की हुई गौतम बुद्ध से मुलाकात’

सम्राट चौधरी ने आगे कहा कि, सम्राट अशोक का दूसरा चेहरा तब दिखा, जब गौतम बुद्ध से उनकी मुलाकात हुई। भगवान गौतम बुद्ध ने जो शिक्षा दी, उनकी जो करुणा थी, उस करुणा के साथ जब वो (अशोक) खड़े हुए, तो दुनिया में शांति का संदेश भी सम्राट अशोक ने दिया। डिप्टी सीएम यहीं पर गलती कर बैठे, जिसे लेकर लोग अब उनके ज्ञान पर सवाल उठाने लगे हैं।

दोनों की मुलाकात संभव नहीं

दगरअसल गौतम बुद्ध का जीवनकाल लगभग 563 ईसा पूर्व से 483 ईसा पूर्व माना जाता है, जबकि सम्राट अशोक का शासनकाल लगभग 268 ईसा पूर्व से 232 ईसा पूर्व था। दोनों के बीच करीब 200–250 साल का अंतर था। ऐसे में इनकी मुलाकात होना संभव ही नहीं था।

बौद्ध धर्म से प्रभावित थे सम्राट अशोक

हालांकि सम्राट अशोक और गौतम बुद्ध की मुलाकात भले ही नहीं हुई हो, लेकिन अशोक ने बुद्ध के विचारों को दुनिया भर में फैलाने में ऐतिहासिक योगदान दिया। खासकर कलिंग युद्ध के बाद अशोक बौद्ध धर्म से बहुत प्रभावित हुए और पूरे भारत और श्रीलंका, नेपाल, अफगानिस्तान जैसे देशों तक बौद्ध धर्म को फैलाने में बड़ी भूमिका निभाई।

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