कुंदन कुमार, पटना। बिहार की राजनीति में इन दिनों बयानों का दौर लगातार गर्म है। इस बीच, जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के वरिष्ठ नेता और विधायक श्याम रजक ने कई तीखे और राजनीतिक मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखी है। पार्टी के भीतर चल रहे गतिरोध, विपक्षी दलों के गठबंधन और राज्य में बाढ़ की स्थिति पर उन्होंने स्पष्ट प्रतिक्रिया दी है।

​हम पंचायती नहीं करेंगे, लेकिन रास्ता निकलेगा

​पार्टी के भीतर और बाहर चल रहे हालिया विवादों पर प्रतिक्रिया देते हुए श्याम रजक ने साफ किया कि उन्होंने कभी यह नहीं कहा कि मामलों को सुलझाया नहीं जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे किसी भी मामले में पंचायती (मध्यस्थता) नहीं करेंगे, लेकिन कार्यकर्ताओं और नेताओं को थोड़ा इंतजार करना चाहिए क्योंकि स्थिति जल्द ही सामान्य हो जाएगी।
​पार्टी नेतृत्व को पूरा विश्वास है कि मौजूदा मतभेद और आंतरिक मामले समय रहते सुलझा लिए जाएंगे। वहीं, जब उनसे यह सवाल किया गया कि उनकी ही पार्टी के एक अन्य विधायक और उम्मीदवार की जमानत जब्त होने की आशंका जताई जा रही है, तो उन्होंने इस पर बेबाक अंदाज में कहा कि कौन क्या बोलता है, इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। उन्होंने विश्वास दिलाया कि उनकी पार्टी आगामी चुनावों को पूरी मजबूती और रणनीति के साथ लड़ रही है।

​विपक्षी गठबंधन पर तंज

​राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजस्वी यादव के उस बयान पर जिसमें उन्होंने कहा था कि राजद और कांग्रेस पहले भी विधान परिषद चुनावों में आमने-सामने लड़ते रहे हैं, श्याम रजक ने तीखा पलटवार किया।
​उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि इन दलों का कोई वैचारिक गठबंधन नहीं है, बल्कि यह केवल एक लाठबंधन (अवसरवादी गठबंधन) है। उनके अनुसार, ऐसे दलों के बीच आपसी सामंजस्य का अभाव साफ झलकता है और जनता इनकी असलियत अच्छी तरह समझती है।

​बाढ़ और आपदा प्रबंधन पर सरकार का रुख

​बिहार में लगातार बिगड़ती बाढ़ की स्थिति और कई जगहों पर तटबंध टूटने की घटनाओं के बावजूद सरकार की ओर से तत्काल बड़ी कार्रवाई न किए जाने के आरोपों पर श्याम रजक ने बचाव किया।
​उन्होंने कहा कि इस समय स्थिति ऐसी नहीं है कि किसी के खिलाफ तत्काल दंडात्मक कार्रवाई की जाए। अभी पूरा प्रशासनिक तंत्र आपदा की घड़ी में राहत और बचाव कार्यों में जुटा है। सरकार की प्राथमिकता इस समय प्रभावित इलाकों के लोगों तक सहायता पहुंचाना है। उन्होंने आश्वासन दिया कि आपदा का संकट टलने के बाद लापरवाह तत्वों और कारणों की गहन समीक्षा कर उचित कार्रवाई की जाएगी।