Lifestyle Desk- भारतीय रसोई में अचार केवल खाने का स्वाद बढ़ाने वाली चीज नहीं है, बल्कि यह हमारी परंपरा, घरेलू ज्ञान और पुराने संरक्षण तरीकों का अहम हिस्सा भी माना जाता है. हर घर में दादी-नानी के समय से अचार बनाने के अपने खास तरीके रहे हैं. इन्हीं पारंपरिक तरीकों में एक बेहद खास तरीका है — अचार की बरनी में हींग का धुआं देना. आज भी कई घरों में आम, नींबू, मिर्च या मिक्स अचार तैयार करते समय बरनी को हींग की धूनी दी जाती है. यह केवल खुशबू के लिए नहीं, बल्कि अचार को लंबे समय तक सुरक्षित और स्वादिष्ट बनाए रखने का एक देसी उपाय माना जाता है. आइए जानते हैं ऐसा करने के फायदे.

अचार खराब होने से बचाए

पुराने समय में फ्रिज या आधुनिक प्रिजर्वेटिव्स नहीं होते थे, इसलिए लोग अचार को खराब होने से बचाने के लिए प्राकृतिक तरीकों का इस्तेमाल करते थे. हींग की धूनी भी उन्हीं घरेलू उपायों में शामिल है.

एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण

हींग में प्राकृतिक एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण
पाए जाते हैं, जो अचार में फफूंदी या खराबी आने की संभावना को कम करते हैं. जब बरनी में हींग का धुआं दिया जाता है, तो उसका असर बरनी के अंदर तक पहुंचता है और वातावरण को साफ रखने में मदद करता है.

पाचन में सहायक

विशेषज्ञों के अनुसार हींग पाचन के लिए भी फायदेमंद मानी जाती है. यही वजह है कि भारतीय खाने में इसका इस्तेमाल लंबे समय से किया जाता रहा है. अचार में हींग का प्रयोग न केवल स्वाद बढ़ाता है, बल्कि उसे खाने के बाद होने वाली गैस या अपच जैसी समस्याओं को कम करने में भी मदद कर सकता है.

बरनी की नमी और गंध करे दूर

इसके अलावा, हींग की धूनी बरनी में मौजूद नमी और हल्की गंध को दूर करने का भी काम करती है. अचार बनाने में साफ-सफाई और सूखापन बेहद जरूरी होता है, क्योंकि थोड़ी-सी नमी भी अचार को खराब कर सकती है. ऐसे में हींग का धुआं बरनी को इस्तेमाल के लिए बेहतर तरीके से तैयार करता है.

इस तरह से दी जाती है हींग का धुआं

हींग की धूनी देने का तरीका भी बेहद दिलचस्प है. इसके लिए आमतौर पर गर्म कोयले या छोटी अंगीठी पर थोड़ा सा हींग डाला जाता है और फिर उस धुएं को अचार की खाली बरनी में भर दिया जाता है. कुछ सेकंड तक बरनी को ढककर रखा जाता है ताकि धुआं अंदर अच्छी तरह फैल जाए. इसके बाद उसी बरनी में अचार भरा जाता है. ऐसा माना जाता है कि इससे अचार में हल्की-सी स्मोकी खुशबू भी आती है, जो उसके स्वाद को और खास बना देती है.