बाराबंकी. बाराबंकी मेडिकल पार्क में गुरुवार को बायोजेंटा ग्लोबल की 1250 करोड़ की फार्मास्युटिकल परियोजना का भूमि पूजन और शिलान्यास किया गया. लगभग 13 एकड़ क्षेत्र में बनने वाली इस इकाई में एंटी-कैंसर दवाओं के साथ ह्यूमन हार्मोन्स और अन्य जीवनरक्षक दवाओं का निर्माण किया जाएगा. कंपनी का दावा है कि इससे 2,000 से अधिक युवाओं को रोजगार मिलेगा.
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भूमि पूजन के मौके पर प्रदेश की खाद्य आयुक्त डॉ. रोशन जैकब ने कहा कि विभाग नकली और अवैध दवाओं पर कार्रवाई के साथ-साथ गुणवत्तापूर्ण दवा निर्माण और निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में भी काम कर रहा है. उन्होंने बताया कि इनमें से सात इकाइयां पहले ही उत्पादन शुरू कर चुकी हैं और उनकी सब्सिडी प्रक्रिया जल्द शुरू की जाएगी. डॉ. रोशन जैकब ने प्रदेश की ताकत का जिक्र करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में 400 से अधिक फार्मा कॉलेज, एक लाख से ज्यादा रिटेल फार्मा स्टोर, एक्सप्रेसवे नेटवर्क, एनसीआर से निकटता और कुशल मानव संसाधन उपलब्ध हैं.
बायोजेंटा ग्लोबल के प्रबंध निदेशक दीपनारायण शर्मा ने कहा कि कंपनी की वैश्विक स्तर पर 35 देशों में मौजूदगी है और वह हिमाचल प्रदेश में भी कार्यरत है. उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा बाराबंकी में भूमि आवंटन और परियोजना को आगे बढ़ाने की गति से प्रभावित होकर कंपनी ने यहां फैक्ट्री लगाने का फैसला किया. शर्मा ने बताया कि प्रस्तावित इकाई में कैंसर संबंधी दवाइयां, हार्मोन्स और अन्य महत्वपूर्ण जीवनरक्षक दवाओं का निर्माण होगा. उनका लक्ष्य गुणवत्तापूर्ण दवाएं उपलब्ध कराना और राज्य के विनिर्माण पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करना है.
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गौरतलब है कि खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) द्वारा आयोजित नेशनल फार्मा कॉन्क्लेव में लेटर ऑफ कंफर्ट (एलओसी) पाने वाली 17 कंपनियों में साइट पर काम शुरू करने वाली पहली इकाई है. इस मौके पर कार्यक्रम में एमएसएमई राज्य मंत्री हंसराज विश्वकर्मा, यूपीसीडा के सीईओ बलकार सिंह, मुख्यमंत्री के सलाहकार जीएन सिंह सहित कई अधिकारी मौजूद रहे.

