Bihar Politics: सीएम नीतीश द्वारा राज्यसभा के लिए नामांकन किए जाने के बाद से बिहार का सियासी माहौल गर्म है। इसके साथ ही नई सरकार के गठन को लेकर भी अटकलों का दौर जारी है। नीतीश कुमार दो दशक बाद बिहार की कमान संभालने के बाद अब दिल्ली की सियासत का रुख करने जा रहे हैं, जिसे पटना से दिल्ली तक सियासी हलचल तेज है। सबकी नजर इस बात पर है कि नीतीश के बाद बिहार की बागडोर आखिर किसे सौंपी जाएगी?

इन सब के बीच सीएम नीतीश कुमार ने आज शाम 5 बजे जनता दल (यूनाइटेड) की महत्वपूर्ण बैठक बुलाई है। यह बैठक मुख्यमंत्री आवास पर होगी, जिसमें पार्टी के विधायक, विधान पार्षद और सांसद शामिल होंगे। बैठक में नीतीश कुमार अपने राज्यसभा जाने के फैसले की जानकारी देंगे। साथ ही मौजूदा राजनीतिक हालात पर चर्चा की जाएगी और भविष्य को लेकर पार्टी की रणनीति पर भी मंथन होगा।

गौरतलब है कि कल गुरुवार को नीतीश कुमार ने राज्यसभा के लिए अपना नामांकन दाखिल किया। इसके साथ यह साफ हो गया कि नीतीश कुमार अब दिल्ली की राजनीति करेंगे। 16 मार्च को राज्यसभा चुनाव के लिए वोटिंग होनी है। उसी दिन शाम तक चुनाव का परिणाम भी आ जाएगा। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक नीतीश कुमार 10 अप्रैल तक मुख्यमंत्री पद पर बने रह सकते हैं।

नीतीश कुमार के राज्यभा जाने पर जदयू का एक खेमा काफी नाराज है। आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने कल जदयू कार्यालय में जमकर तोड़फोड़ भी की थी। उनका मानना है कि नीतीश कुमार को राज्यसभा भेजना बीजेपी की चाल है। वह राज्य में अपना सीएम बनाना चाहती है। इसके साथ ही नाराज कार्यकर्ताओं ने जदयू के कुछ नेताओं जैसे संजय झा, ललन सिंह, विजय चौधरी और अशोक चौधरी को चोर बताया और पार्टी के साथ गद्दारी करने का आरोप लगाया।

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