Lifestyle Desk – पिछले दस दिनों से गर्मी का ऐसा कहर बरस रहा है की घर से निकलना बहुत मुश्किल हो रहा है विशेष रूप से सुबह दस बजे से शाम पाँच बजे तक. इस भीषण गर्मी का असर सिर्फ इंसानों पर ही नहीं, पालतू जानवरों पर भी गंभीर रूप से पड़ता है. तापमान बढ़ने के साथ ही डॉग, कैट और अन्य पालतू जानवरों में डिहाइड्रेशन, हीट स्ट्रोक और त्वचा संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है. ऐसे में गर्मी के दिनों में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है. आइए जानते हैं कैसे अपने पालतू का ख्याल रखा जाये.

ठंडे वातावरण में रखें
विशेषज्ञों के अनुसार, जानवरों को ठंडा और हवादार वातावरण में रखना सबसे जरूरी है. कई लोग अपने पालतू जानवरों को दिनभर बाहर बांधकर रखते हैं, जिससे वे सीधे धूप के संपर्क में आ जाते हैं. यह स्थिति उनके लिए जानलेवा साबित हो सकती है. इसलिए उन्हें छांव या घर के अंदर ठंडी जगह पर रखना चाहिए.
खान-पान का खास ख्याल रखें
अपने पालतू के खान-पान का भी खास ध्यान रखना जरूरी है. गर्मी में जानवरों को ताजा और हल्का भोजन देना चाहिए. बासी खाना या ज्यादा भारी डाइट उनके पाचन तंत्र को प्रभावित कर सकती है. इसके साथ ही उन्हें पर्याप्त मात्रा में साफ और ठंडा पानी उपलब्ध कराना बेहद जरूरी है, ताकि शरीर में पानी की कमी न हो.
टहलाने के समय का रखें ख्याल
डॉग्स को सुबह या शाम के समय ही टहलाने ले जाना चाहिए, क्योंकि दोपहर के समय जमीन और सड़क का तापमान काफी ज्यादा होता है, जिससे उनके पंजे जल सकते हैं. इसके अलावा, नियमित रूप से नहलाना और शरीर को साफ रखना भी जरूरी है, ताकि त्वचा संबंधी समस्याओं से बचाव हो सके.
कब दिखायें डॉक्टर को
पशु चिकित्सकों का कहना है कि अगर जानवर ज्यादा हांफ रहे हों, सुस्त दिखें या उल्टी-दस्त जैसे लक्षण नजर आएं, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए. समय पर इलाज नहीं मिलने पर स्थिति गंभीर हो सकती है.
जानवरों में हीट स्ट्रोक के लक्षण
- तेज सांस लेना या लगातार हांफना
- अत्यधिक सुस्ती या कमजोरी
- उल्टी या दस्त
- शरीर का तापमान बढ़ना
- मुंह और जीभ का लाल या नीला पड़ना.
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