कुंदन कुमार/ पटना। बिहार की राजनीति में नए नेतृत्व के साथ सत्ता की हलचल तेज हो गई है। बुधवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में कैबिनेट की पहली महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। करीब एक घंटे तक चली इस बैठक में राज्य के विकास और प्रशासनिक सुधारों से जुड़े कुल 22 एजेंडों को मंजूरी दी गई। इस दौरान उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और विजेंद्र यादव भी मौजूद रहे।

​नीतीश कुमार से मुलाकात और ‘गुरु-शिष्य’ वाली तस्वीर

​कैबिनेट बैठक से ठीक पहले मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी दिल्ली से लौटते ही सीधे पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आवास पर पहुंचे। दोनों नेताओं की मुलाकात की तस्वीरें सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई हैं। तस्वीरों में नीतीश कुमार बड़े बुजुर्ग की तरह सम्राट के दोनों कंधों पर हाथ रखकर उन्हें आशीर्वाद देते नजर आ रहे हैं, वहीं सम्राट चौधरी ने सिर झुकाकर उनका अभिवादन किया। यह मुलाकात बिहार की भविष्य की राजनीति में दोनों नेताओं के बीच बेहतर तालमेल का संकेत मानी जा रही है।

​दिल्ली दौरे में हुआ भविष्य का रोडमैप तैयार

​अपनी कैबिनेट बैठक से पहले सम्राट चौधरी दिल्ली में काफी सक्रिय रहे। मंगलवार को उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की थी। इस बैठक के बाद सम्राट ने सोशल मीडिया पर साझा किया कि उन्हें राज्य के समग्र विकास और जनकल्याण के विषयों पर पीएम का मार्गदर्शन मिला है। प्रधानमंत्री के अलावा उन्होंने दिल्ली में आरएसएस (RSS) मुख्यालय का दौरा किया और वरिष्ठ नेताओं राधामोहन सिंह व गिरिराज सिंह से भी भेंट की।

​मंत्रिमंडल विस्तार की सुगबुगाहट

​सूत्रों के अनुसार, दिल्ली दौरे के दौरान बीजेपी मुख्यालय में नितिन नवीन के साथ हुई चर्चा में मंत्रिमंडल के संभावित चेहरों की सूची फाइनल कर ली गई है। कयास लगाए जा रहे हैं कि जल्द ही बिहार में नए मंत्रियों का शपथ ग्रहण समारोह हो सकता है, जिससे शासन व्यवस्था को और गति मिलेगी।