मुजफ्फरपुर। जिले से एक रूहं कांपने वाली वारदात सामने आई है, जहां अंतरजातीय प्रेम विवाह से उपजी नफरत ने एक हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया। साहेबगंज थाना क्षेत्र के अहियापुर बड़ा खुर्सेदा निवासी सुनील कुमार (32) की उनके ही साले ने बड़ी बेरहमी से हत्या कर दी। हत्या के बाद साक्ष्य छिपाने के लिए शव को पड़ोसी जिले पूर्वी चंपारण के एक सुनसान चौर (खेत) में चार फीट गहरे गड्ढे में दफना दिया गया था। पुलिस ने सात दिनों बाद बुधवार को जेसीबी से खुदाई कर शव बरामद किया।

​साजिश के तहत फोन कर बुलाया

​घटना की शुरुआत 15 अप्रैल की रात को हुई। ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर के अनुसार, मृतक सुनील कुमार अपनी स्कूटी से घर से निकले थे। उन्होंने अपनी पत्नी शिल्पी कुमारी को बताया था कि उनके भाई (साले) सुमंत कुमार ने जरूरी काम के बहाने मिलने के लिए बुलाया है। जब देर रात तक सुनील घर नहीं लौटे, तो परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की, लेकिन उनका कहीं पता नहीं चला।

​नदी किनारे मिली स्कूटी, गहराया शक

​सुनील के लापता होने के दो दिन बाद, 17 अप्रैल को पुलिस को चकदरिया पुल के पास राघवा नदी के किनारे लावारिस हालत में उनकी स्कूटी मिली। स्कूटी मिलने के बाद पत्नी शिल्पी ने अनहोनी की आशंका जताते हुए अपने भाई सुमंत और अन्य रिश्तेदारों के खिलाफ अपहरण की प्राथमिकी दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया।

​पुलिस की पूछताछ में टूटा आरोपी

​तकनीकी सर्विलांस और कॉल डिटेल्स के आधार पर पुलिस ने केसरिया थाना क्षेत्र से मुख्य आरोपी सुमंत कुमार को हिरासत में लिया। कड़ी पूछताछ के दौरान सुमंत ज्यादा देर झूठ नहीं बोल सका और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसकी निशानदेही पर पुलिस टीम पूर्वी चंपारण के बिजधारी थाना क्षेत्र स्थित बगही चौर पहुंची। वहां मजिस्ट्रेट और भारी पुलिस बल की मौजूदगी में जेसीबी से खुदाई करवाई गई, जहां से सुनील का सड़ा-गला शव बरामद हुआ।

​ढाई साल पहले हुआ था प्रेम विवाह

​पुलिस जांच में यह बात साफ हुई है कि इस हत्या के पीछे ‘झूठी शान’ और अंतरजातीय विवाह का विवाद था। शिल्पी और सुनील ने करीब ढाई साल पहले अपनी मर्जी से शादी की थी। दोनों का एक साल का बच्चा भी है। हालांकि, शिल्पी का परिवार इस शादी से कभी खुश नहीं था और सुमंत लगातार बदला लेने की फिराक में था।

​फॉरेंसिक जांच और आगे की कार्रवाई

​शव बरामदगी के समय साहेबगंज, केसरिया और बिजधारी थानों की पुलिस के साथ एफएसएल (FSL) की टीम भी मौजूद थी। टीम ने मौके से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने सुमंत के पास से वारदात में इस्तेमाल मोबाइल भी बरामद कर लिया है। फिलहाल पुलिस इस मामले में शामिल अन्य संदिग्धों की तलाश में छापेमारी कर रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।