पटना। जनता दल यूनाइटेड (JDU) के राष्ट्रीय महासचिव और पूर्व मुख्यमंत्री के बेहद करीबी सहयोगी मनीष कुमार वर्मा के पिता, डॉ. अशोक कुमार वर्मा की 5वीं पुण्यतिथि के अवसर पर पटना में एक भव्य श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार स्वयं मनीष वर्मा के आवास पहुंचे और डॉ. वर्मा के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया। पूर्व मुख्यमंत्री की उपस्थिति ने इस आयोजन को राजनीतिक और सामाजिक रूप से अत्यंत महत्वपूर्ण बना दिया।
सत्ता और विपक्ष के दिग्गजों का जमावड़ा
श्रद्धांजलि सभा में केवल सत्ता पक्ष ही नहीं, बल्कि विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रमुख चेहरों ने शिरकत की। डॉ. अशोक कुमार वर्मा को श्रद्धासुमन अर्पित करने वालों में जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद संजय झा, कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष व सांसद अखिलेश प्रसाद सिंह, और पूर्व सांसद आनंद मोहन प्रमुख रूप से शामिल रहे। इनके अलावा बिहार सरकार के कई मंत्री, विधायक और प्रशासनिक अधिकारी भी डॉ. वर्मा को याद करने पहुंचे।
समाज सेवा को समर्पित था डॉ. वर्मा का जीवन
इस भावुक क्षण पर अपने पिता को याद करते हुए मनीष कुमार वर्मा ने कहा कि डॉ. अशोक कुमार वर्मा केवल एक चिकित्सक नहीं, बल्कि बिहारशरीफ के एक प्रतिष्ठित समाजसेवी थे। उन्होंने दशकों तक निस्वार्थ भाव से लोगों का इलाज किया। मनीष वर्मा ने बताया कि उनके पिता के पास दूर-दराज के क्षेत्रों से गंभीर बीमारियों से ग्रस्त मरीज इस उम्मीद के साथ आते थे कि डॉ. साहब उन्हें नया जीवन देंगे। उनका जीवन पूरी तरह से मानवता की सेवा के लिए समर्पित रहा। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री और अन्य वरिष्ठ नेताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इतने बड़े व्यक्तित्वों का आना उनके परिवार के लिए गौरव और संबल की बात है।
नीतीश के ‘संकटमोचक’ हैं मनीष कुमार वर्मा
मनीष कुमार वर्मा का बिहार की राजनीति और सत्ता के गलियारों में गहरा प्रभाव है। वर्ष 2000 बैच के ओडिशा कैडर के आईएएस अधिकारी रहे मनीष वर्मा ने 2018 में अपनी सेवा से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (VRS) ले ली थी। इसके बाद से वे पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सबसे भरोसेमंद रणनीतिकारों में गिने जाते हैं। वर्तमान में जदयू के राष्ट्रीय महासचिव के रूप में वे पार्टी संगठन को मजबूत करने और आगामी चुनावों की रणनीति तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं।
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