बादली से कांग्रेस विधायक कुलदीप वत्स ने हांसी दौरे के दौरान भाजपा सरकार की नीतियों, ईडब्ल्यूएस आरक्षण की रुकी हुई जॉइनिंग और ब्राह्मण आयोग के अधूरे वादों पर कड़ा प्रहार किया।

नवीन शर्मा, हांसी। परशुराम जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे बादली (झज्जर) से कांग्रेस विधायक कुलदीप वत्स ने भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बड़ोली और कैबिनेट मंत्री अरविंद शर्मा पर तीखा हमला बोला। विधायक वत्स ने कहा कि परशुराम जयंती मनाना अच्छी बात है, लेकिन जब समाज के वास्तविक अधिकारों की लड़ाई की बात आती है, तो ये भाजपा नेता अक्सर गायब मिलते हैं। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के करनाल वाले वादे को याद दिलाते हुए कहा कि आज तक ब्राह्मण आयोग का गठन नहीं हुआ और 11 बिरादरियों की जमीन के मालिकाना हक का मुद्दा अब भी लंबित है।

EWS आरक्षण और प्रशासनिक विफलता पर उठाए सवाल

विधायक कुलदीप वत्स ने ईडब्ल्यूएस (EWS) आरक्षण के तहत 10% कोटा पाने वाले बच्चों की रुकी हुई जॉइनिंग पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने विधानसभा में यह मुद्दा उठाया, तो मंत्रियों ने इसे यह कहकर टाल दिया कि उन्होंने समाज के लिए बहुत काम किया है। वत्स ने कड़े शब्दों में कहा कि यदि कोई व्यक्ति समाज के कोटे से टिकट लेकर सत्ता में आता है, तो उस समाज के बच्चों के अधिकारों के लिए लड़ना उसकी सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। उन्होंने सिरसा की चौधरी देवीलाल यूनिवर्सिटी में कर्मचारियों को दो महीने से वेतन न मिलने को भी सरकार की बड़ी विफलता करार दिया।

जेजेपी को घेरा और बदलती राजनीति पर दी प्रतिक्रिया

कुलदीप वत्स ने जेजेपी और दुष्यंत चौटाला पर तंज कसते हुए कहा कि वे उसी सरकार का हिस्सा रहे हैं जिसने किसान आंदोलन के दौरान किसानों को अपमानित किया और उन पर लाठीचार्ज करवाया। विधायक ने मामन खान के मामले पर कहा कि यदि वे दोषी हैं तो सबूत सार्वजनिक करें, अन्यथा राजनीतिक दुर्भावना से कार्रवाई करना लोकतांत्रिक परंपराओं के खिलाफ है। उन्होंने बढ़ती महंगाई पर चेतावनी दी कि 4 जून के चुनावी नतीजों के बाद गैस के दामों और महंगाई का ‘धमाका’ होगा। इसके साथ ही उन्होंने प्रदेश में बढ़ते गुंडा राज, फिरौती और युवाओं में फैलते नशे के खिलाफ सख्त अभियान चलाने की मांग की।

सामाजिक भाईचारे और अंबेडकर की विचारधारा का संदेश

कुलदीप वत्स ने सामाजिक सौहार्द पर जोर देते हुए कहा कि वे 36 बिरादरी के भाईचारे के कारण ही विधानसभा तक पहुंचे हैं। उन्होंने उन लोगों पर निशाना साधा जो दूसरों को ‘मनुवादी’ कहकर समाज को बांटने का काम कर रहे हैं। वत्स ने कहा कि जो लोग डॉ. भीमराव अंबेडकर को निशाना बनाते हैं, वे वास्तव में उनकी विचारधारा को नहीं समझते, क्योंकि पंडित नेहरू के नेतृत्व में ही अंबेडकर को संविधान निर्माण की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई थी। उन्होंने भजन लाल के प्रति राज्यसभा सांसद रेखा शर्मा की टिप्पणी की निंदा की और कुलदीप बिश्नोई से पूछा कि वे उस पार्टी में क्यों हैं जहां उनके पिता का अपमान हुआ।