मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और सूफी गायक कंवर ग्रेवाल के बीच चंडीगढ़ में हुई मुलाकात के बाद पंजाब में भाजपा की नई चुनावी रणनीति को लेकर कयासों का दौर शुरू हो गया है।
कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। हरियाणा के संत कबीर कुटीर में हुई एक मुलाकात ने अब पंजाब की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने खुद सोशल मीडिया पर पंजाबी गायक कंवर ग्रेवाल के साथ तस्वीर साझा करते हुए “सार्थक संवाद” की बात कही, लेकिन इस मुलाकात के बाद सियासी चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है।
पंजाब में अगले वर्ष विधानसभा चुनाव होने हैं और भाजपा इस बार राज्य में पूरी ताकत झोंकती दिखाई दे रही है। खुद नायब सैनी लगातार पंजाब दौरे कर रहे हैं और संगठन को एक्टिव मोड में लाने की कोशिश चल रही है। ऐसे समय में पंजाब के लोकप्रिय सूफी गायक और युवाओं में मजबूत पकड़ रखने वाले कंवर ग्रेवाल की मुख्यमंत्री आवास पर मौजूदगी को राजनीतिक नजरिए से भी देखा जा रहा है।
हालांकि मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से इसे औपचारिक मुलाकात बताया जा रहा है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में सवाल उठने लगे हैं कि क्या भाजपा पंजाब में नए चेहरों को साधने की रणनीति पर काम कर रही है। खासकर ऐसे चेहरे, जिनकी सामाजिक और सांस्कृतिक पकड़ मजबूत हो और जिनका युवाओं पर प्रभाव हो।
फिलहाल कंवर ग्रेवाल की ओर से किसी राजनीतिक पारी को लेकर कोई संकेत नहीं दिया गया है। लेकिन राजनीति में अक्सर तस्वीरें बहुत कुछ कह जाती हैं, भले बयान कुछ और हों। अब यह मुलाकात सिर्फ शिष्टाचार थी या आने वाले चुनाव से पहले किसी बड़ी रणनीति की शुरुआत, इस पर सबकी नजरें टिक गई हैं।

