सारण। जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां खुशियों भरा तिलक समारोह चीख-पुकार और मातम में बदल गया। तरैया थाना क्षेत्र के डुमरी गांव में बुधवार की देर रात मामूली विवाद ने इतना तूल पकड़ा कि एक युवक की चाकू से गोदकर बेरहमी से हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान 28 वर्षीय बीरबल प्रसाद के रूप में हुई है, जो रिश्ते में दूल्हे का फुफेरा भाई था और बेंगलुरु से विशेष रूप से शादी में शामिल होने घर आया था।

​भोजन के दौरान उपजा मामूली विवाद

​घटना के विवरण के अनुसार, डुमरी निवासी महंथ दास के पुत्र के तिलक का कार्यक्रम चल रहा था। मेहमानों के लिए भोजन का प्रबंध था और बीरबल स्वयं व्यवस्था संभाल रहा था। इसी दौरान अचानक तेज आंधी और बारिश शुरू हो गई, जिससे अफरा-तफरी मच गई। बारिश से बचने की कोशिश में बीरबल ने गांव के ही एक युवक, रोहित से एक कुर्सी वहां से हटाने को कहा। इतनी सी बात पर दोनों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ा कि रोहित और उसके साथियों ने बीरबल पर हमला कर दिया। आरोपी ने आपा खोते हुए बीरबल के शरीर पर एक के बाद एक करीब 12 बार चाकू से वार किए।

​अस्पताल में इलाज के दौरान तोड़ा दम

​बीच-बचाव करने आए दूल्हे के भाई शंकर दास भी इस हमले में चोटिल हो गए। लहूलुहान हालत में बीरबल को तुरंत तरैया रेफरल अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए पटना (PMCH) रेफर कर दिया गया। दुर्भाग्यवश, गुरुवार को इलाज के दौरान बीरबल ने दम तोड़ दिया। इस खबर के बाद से शादी वाले घर में सन्नाटा पसरा है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

​पुलिस की कार्रवाई और फॉरेंसिक जांच

​वारदात की सूचना मिलते ही मढ़ौरा-2 के एसडीपीओ संजय कुमार सुधांशु और थानाध्यक्ष धीरज कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल का मुआयना किया। पुलिस ने घायल शंकर दास के बयान के आधार पर रोहित सहित तीन लोगों के विरुद्ध नामजद प्राथमिकी दर्ज कर ली है। फिलहाल आरोपी फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।

​परिजनों पर टूटा दुखों का पहाड़

​बीरबल बेंगलुरु में एक निजी कंपनी में टेक्नीशियन था। वह अपनी फुआ की बेटी की शादी के लिए 1 मई को ही गांव आया था। जिस घर से 9 मई को बारात निकलनी थी, वहां से अब बीरबल की अर्थी उठेगी। मृतक अपने पीछे पत्नी नीतू देवी, 7 वर्षीय बेटी और 5 वर्षीय बेटे को छोड़ गया है। मासूम बच्चों के सिर से पिता का साया उठने से पूरे गांव में शोक की लहर है।