Dharm Desk :- सनातन धर्म में श्राद्ध पक्ष का समय केवल पितरों के तर्पण तक ही सीमित नहीं है। बल्कि यह जीवन की जटिल समस्याओं से मुक्ति पाने का भी एक पावन अवसर है।बहुत बार देखा जाता है कि लोगों के जीवन में कड़ी मेहनत के बाद भी धन की कमी बनी रहती है।शादी-विवाह जैसे मांगलिक कार्यों में अड़चनें आती हैं और परिवार के सदस्यों के बीच आपसी विवाद की स्थिति बनी रहती है। ऐसी स्थितियां जब बहुत लंबे वक्त तक चलती हैं तो घर का माहौल तनावपूर्ण हो जाता है।लोक विश्वास के अनुसार इन समस्याओं का संबंध ग्रह-नक्षत्रों के साथ-साथ पितृ दोष से भी होता है। श्राद्धपक्ष के पावन दिनों में किया गया एक सरल कर्म इन सभी परेशानियों को खत्म करने का सामर्थ्य रखता है। इसके लिए किसी अत्यधिक कठिन विधि या बहुमूल्य सामग्री की आवश्यकता नहीं होती बल्कि केवल अटूट निष्ठा और शुद्ध भाव ही मुख्य आधार होते हैं।भगवान शंकर को समर्पित यह विशेष नियम गृह क्लेश और धन की कमी से जूझ रहे परिवारों के लिए शुभकारी माना गया है।
बेलपत्र और लाल चंदन अर्पित करने की सरल पूजा विधि
1.सबसे पहले एक साफ बेलपत्र लें। ध्यान रहे कि बेलपत्र कहीं से कटा-फटा न हो। अब इस बेलपत्र की बीच वाली पत्ती पर थोड़ा सा लाल चंदन लगा लें।
2.चंदन लगा बेलपत्र लेकर अपने घर के पास के किसी भी शंकर मंदिर में जाएं।

3.मंदिर में पहुचकर उस बेलपत्र को अपनी हथेली में रखें और अपने अंगूठे से दबा लें।
4 .इसके बाद बहुत ही विनम्र भाव से मन ही मन कहे यह घर तेरा है यह परिवार तेरा है। मेरे जीवन में आने वाली परेशानियां, सुख-दुख सब तेरे हैं। अब मेरे बस का कुछ नहीं है।
- इतना कहकर अपना मुख उत्तर दिशा की ओर करें और बेल पत्र को श्रद्धा के साथ शिवलिंग पर चढ़ा दें।

