समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लखनऊ स्थित पार्टी कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान भाजपा सरकार पर जमकर निशाना साधा. इस दौरान उन्होंने महंगाई, बेरोजगारी और आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीतियों पर पार्टी का पक्ष रखा.

लखनऊ. स्थित समाजवादी पार्टी के प्रांतीय मुख्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन के दौरान सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी की सरकार को आड़े हाथों लिया. उन्होंने राज्य में गिरती कानून व्यवस्था, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और किसानों की दिक्कतों को लेकर सरकार की नीतियों पर गंभीर सवाल खड़े किए. इसके साथ ही उन्होंने आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी की रणनीतियों का ब्योरा साझा किया.

सपा में कई नेताओं की वापसी

प्रेस वार्ता के दौरान कई नेताओं ने समाजवादी पार्टी का दामन थामा, जिनका अखिलेश यादव ने स्वागत किया. कानपुर देहात के पूर्व प्रत्याशी जुनैद के शामिल होने पर उन्होंने कहा कि यदि उन्हें पहले ही मनाकर उचित राजनीतिक सम्मान दे दिया जाता, तो पार्टी का एक और सांसद विजयी होता. इसके अलावा मयंक द्विवेदी, बांदा के नंदकिशोर और भाजपा छोड़कर आए श्रावस्ती के जितेंद्र कुमार गुप्ता का भी पार्टी में अभिनंदन किया गया.

महंगाई और अर्थव्यवस्था पर प्रहार

सपा अध्यक्ष ने आम जरूरतों की वस्तुओं के बढ़ते दामों को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला. उन्होंने डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये के गिरते मूल्य का उल्लेख करते हुए भारतीय जनता पार्टी के पुराने बयानों की याद दिलाई. उन्होंने कहा कि महंगाई और बेरोजगारी से आम जनमानस पूरी तरह त्रस्त हो चुका है.

2027 चुनाव की तैयारियां

आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव पर चर्चा करते हुए अखिलेश यादव ने बताया कि समाजवादी पार्टी पूरी मजबूती से मैदान में उतरने की तैयारी कर रही है. उन्होंने कहा कि शुरुआत में भाजपा के समय से पहले चुनाव कराने की चर्चाएं थीं, लेकिन आंतरिक सर्वे में स्थिति भांपने के बाद अब वे तय समय पर ही चुनाव कराने की बात कर रहे हैं. उन्होंने कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि पार्टी को धरातल के साथ-साथ डिजिटल मोर्चे पर भी पूरी ताकत से जवाब देना होगा.