अलीगढ़ के गभाना क्षेत्र में पुलिस और कार सवार बदमाशों के बीच मुठभेड़ में तीन सगे भाइयों के पैर में गोली लगी, जबकि चौथे आरोपी को सुरक्षित गिरफ्तार किया गया। मुठभेड़ के दौरान इंस्पेक्टर को भी गोली लगी, लेकिन बुलेटप्रूफ जैकेट के कारण उनकी जान बच गई और आरोपियों के पास से हथियार व कार बरामद हुई।

अलीगढ़। गभाना थाना क्षेत्र में सोमना नहर के पास सोमवार तड़के पुलिस और कार सवार बदमाशों के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में तीन बदमाशों के पैर में गोली लगी, जबकि उनके चौथे साथी को सुरक्षित गिरफ्तार कर लिया गया। घायल तीनों आरोपी सगे भाई हैं।

मुठभेड़ के दौरान बदमाशों की ओर से चली गोली गभाना इंस्पेक्टर मनोज कुमार को भी लगी, लेकिन बुलेटप्रूफ जैकेट के कारण उनकी जान बच गई। घटना के बाद घायल आरोपियों को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए जेएन मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया।

ऐसे शुरू हुई मुठभेड़

एसपी सिटी आदित्य बंसल के मुताबिक, 9 अगस्त को गभाना थाना पुलिस और क्रिमिनल इंटेलिजेंस विंग नगर की संयुक्त टीम क्षेत्र में चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान टीम ने सफेद रंग की एक कार को रोकने का प्रयास किया, लेकिन कार सवार आरोपियों ने वाहन तेज गति से भगाया और बैरियर में टक्कर मार दी।

पुलिस के अनुसार, इसके बाद आरोपियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। आत्मरक्षा में की गई जवाबी फायरिंग में तीन बदमाश घायल हो गए, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।

घायल आरोपियों की पहचान अजमत, करूआ उर्फ नौशाद और दिलशाद के रूप में हुई है। तीनों सगे भाई हैं, जबकि चौथे आरोपी दानिश को सुरक्षित गिरफ्तार किया गया।

तीनों भाई हिस्ट्रीशीटर

एसपी सिटी ने बताया कि अजमत, दिलशाद और करूआ थाना लोधा के हिस्ट्रीशीटर हैं। दिलशाद की हिस्ट्रीशीट संख्या 24ए, अजमत की 15ए और करूआ उर्फ नौशाद की 25ए है।

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, दिलशाद के खिलाफ 25 मुकदमे दर्ज हैं। इनमें गैंगस्टर एक्ट, लूट, चोरी, हत्या के प्रयास, आयुध अधिनियम और गोवध निवारण अधिनियम से जुड़े मामले शामिल हैं। अजमत और करूआ उर्फ नौशाद के खिलाफ आठ-आठ मुकदमे दर्ज हैं।

अजमत थाना टप्पल क्षेत्र में हुई पिछली पुलिस मुठभेड़ से जुड़े मुकदमे में भी वांछित चल रहा था।

इंस्पेक्टर की बची जान

एसपी सिटी के मुताबिक, मुठभेड़ के दौरान गभाना इंस्पेक्टर मनोज कुमार भी बदमाशों की फायरिंग की चपेट में आ गए। हालांकि, बुलेटप्रूफ जैकेट पहने होने के कारण उनकी जान बच गई।

पुलिस ने चारों आरोपियों के कब्जे से .315 बोर के चार तमंचे, 10 जिंदा कारतूस और पांच खोखा कारतूस बरामद किए हैं। इसके अलावा एक गंडासा, एक छुरा और कार भी बरामद हुई है।