Lifestyle Desk – दांतों का पीलापन कई लोगों के लिए परेशानी का कारण बन जाता है। चाय-कॉफी का ज्यादा सेवन, तंबाकू, दांतों की ठीक से सफाई न करना और दांतों पर प्लाक या टार्टर जमा होना इसके कुछ कारण हो सकते हैं। ऐसे में सफेद और चमकदार दांत पाने के लिए लोग कई घरेलू नुस्खे अपनाते हैं। इन्हीं में से एक है फिटकरी के पानी से कुल्ला करना। माना जाता है कि फिटकरी मुंह की सफाई में मदद कर सकती है। लेकिन क्या इसके पानी से सचमुच दांतों का पीलापन दूर हो जाता है? आइए समझते हैं कि इस बारे में क्या जानना जरूरी है और दांतों की सफाई का सही तरीका क्या है।

क्या फिटकरी के पानी से दांत सफेद होते हैं?

फिटकरी का इस्तेमाल पारंपरिक रूप से कई घरेलू उपायों में किया जाता रहा है। कुछ अध्ययनों में फिटकरी के घोल से मुंह में मौजूद कुछ बैक्टीरिया की संख्या कम होने की संभावना देखी गई है। हालांकि, इससे यह साबित नहीं होता कि फिटकरी के पानी से दांतों का पीलापन दूर हो सकता है या दांत सफेद हो जाते हैं।दांतों का रंग बदलने के पीछे अलग-अलग कारण हो सकते हैं। चाय-कॉफी या तंबाकू से होने वाले सतही दाग, दांतों पर जमा कठोर टार्टर और दांतों की प्राकृतिक रंगत एक जैसी समस्याएं नहीं हैं। इसलिए इनके उपचार का तरीका भी अलग होता है।

फिटकरी के पानी से कुल्ला करने से पहले इन बातों को समझें

फिटकरी के घोल को दांत सफेद करने के लिए नियमित रूप से इस्तेमाल करना उचित नहीं है। इसकी मात्रा और सांद्रता का सही निर्धारण किए बिना इस्तेमाल करने से मुंह की नाजुक त्वचा या मसूड़ों में जलन हो सकती है। इसे निगलना भी नहीं चाहिए।अगर आपका उद्देश्य दांतों का पीलापन दूर करना है, तो फिटकरी का घोल बनाने या इस्तेमाल करने के बजाय दंत चिकित्सक से सलाह लें। वे जांचकर बता सकते हैं कि पीलापन सतही दागों की वजह से है, टार्टर के कारण है या दांतों की प्राकृतिक रंगत ऐसी है।

दांतों का पीलापन कम करने के लिए क्या करें?

दिन में दो बार ब्रश करें

सुबह और रात को सोने से पहले फ्लोराइड वाले टूथपेस्ट से लगभग दो मिनट तक ब्रश करें। इससे प्लाक हटाने और दांतों को सड़न से बचाने में मदद मिलती है।

दांतों के बीच की सफाई करें

दांतों के बीच फंसे भोजन और प्लाक को हटाने के लिए रोजाना डेंटल फ्लॉस या उपयुक्त इंटरडेंटल ब्रश का इस्तेमाल करें।

चाय-कॉफी और तंबाकू से होने वाले दागों पर ध्यान दें

चाय-कॉफी का सेवन करने के बाद पानी पीना या कुल्ला करना उपयोगी हो सकता है। तंबाकू से परहेज करें, क्योंकि इससे दांतों पर दाग पड़ने के साथ मुंह की गंभीर बीमारियों का खतरा भी बढ़ता है।

टार्टर जमा होने पर दंत चिकित्सक से सफाई कराएं

अगर दांतों के पास पीली या भूरी कठोर परत जम गई है, तो सामान्य ब्रश से उसे पूरी तरह हटाना संभव नहीं हो सकता। ऐसी स्थिति में दंत चिकित्सक से पेशेवर सफाई कराना बेहतर है।

घरेलू चीजों से दांतों को रगड़ने से बचें

नींबू, सिरका, नमक या दूसरे खुरदरे पदार्थों से दांतों को जोर-जोर से रगड़ना नुकसानदेह हो सकता है। इससे इनेमल घिस सकता है और दांतों में संवेदनशीलता बढ़ सकती है।

कब डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए?

अगर दांतों का रंग अचानक बदल गया है, किसी एक दांत पर गहरा धब्बा दिखाई देता है, दर्द होता है या ठंडा-गर्म लगने की समस्या है, तो दंत चिकित्सक से जांच कराएं। केवल पीलापन दूर करने के लिए घरेलू उपाय अपनाते रहने से असली समस्या का पता चलने में देरी हो सकती है।

फिटकरी के पानी से कुल्ला करने को दांतों का पीलापन दूर करने का प्रमाणित तरीका नहीं माना जा सकता। दांतों को स्वस्थ और साफ रखने के लिए नियमित ब्रशिंग, फ्लोराइड वाले टूथपेस्ट, दांतों के बीच सफाई और जरूरत पड़ने पर दंत चिकित्सक की मदद लेना अधिक भरोसेमंद तरीका है।