नोएडा के सेक्टर-39 स्थित एक कमरे में बुलंदशहर के शेखूपुर गांव की 22 वर्षीय अंजली का शव मिला. पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने दोबारा जांच की मांग की, जिसके चलते करीब चार घंटे तक हंगामा हुआ.
बुलंदशहर. जिले के छतारी थाना क्षेत्र स्थित शेखूपुर गांव की 22 वर्षीय अंजली का शव नोएडा के सेक्टर-39 स्थित एक कमरे में मिला. रविवार रात पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए और सोमवार सुबह दोबारा पोस्टमार्टम कराने की मांग की. इस दौरान गांव में हंगामा हुआ, जिसके बाद पुलिस और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति संभाली.
गाजियाबाद में करती थी नौकरी
लोहिया नगर, गाजियाबाद निवासी आकाश दीप के मुताबिक, अंजली उनकी साली थी और मूल रूप से बुलंदशहर के शेखूपुर गांव की रहने वाली थी. वह गाजियाबाद की एक कंपनी में नौकरी करती थी और इंदिरापुरम में अपनी सहेली के साथ किराये के फ्लैट में रहती थी.
रविवार को छुट्टी होने के कारण आकाश दीप की पत्नी लतेश ने अंजली को फोन किया. फोन पुलिस ने उठाया और उन्हें नोएडा स्थित पोस्टमार्टम हाउस पहुंचने के लिए कहा. यह जानकारी मिलने के बाद लतेश ने अपने पति को बताया और दोनों पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे, जहां अंजली का शव देखकर वे भावुक हो गए.
मौत की वजह नहीं बताने का आरोप
अंजली की मौत की सूचना मिलने पर गांव से भी परिजन नोएडा पहुंचे. परिजनों का आरोप है कि वहां पुलिस ने उन्हें यह नहीं बताया कि अंजली की मौत किन परिस्थितियों में हुई. उन्हें केवल इतना बताया गया कि उसका शव सेक्टर-39 स्थित एक कमरे में मिला था.
रविवार रात पोस्टमार्टम के बाद शव शेखूपुर गांव लाया गया. रात अधिक होने के कारण अंतिम संस्कार सोमवार को करने का निर्णय लिया गया. हालांकि, सोमवार सुबह करीब 9 बजे परिजनों ने अंतिम संस्कार से पहले स्थानीय पुलिस को सूचना देकर दोबारा पोस्टमार्टम कराने की मांग रखी, जिसके बाद ग्रामीणों के साथ उनका विरोध शुरू हो गया.
विधायक और पुलिस पहुंची
हंगामे की जानकारी मिलने पर डिबाई विधायक सीपी सिंह और डिबाई के सीओ मधुप कुमार सिंह मौके पर पहुंचे. स्थिति बिगड़ने की आशंका के बीच छतारी, पहासू और नरौरा थानों का पुलिस बल भी गांव पहुंचा.
करीब चार घंटे तक समझाने-बुझाने के बाद परिजन शांत हुए और अंतिम संस्कार के लिए तैयार हो गए. इसके बाद अंजली का अंतिम संस्कार कर दिया गया.
पुलिस ने क्या बताया
सीओ डिबाई मधुप कुमार सिंह के अनुसार, परिजन नोएडा पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठा रहे थे. इस संबंध में संबंधित थाने के विवेचक से बात की गई, जिन्होंने बताया कि फिलहाल किसी पर संदेह नहीं है और शव मिलने से जुड़े सभी तथ्यों की जांच की जा रही है.
सीओ के मुताबिक, परिजनों को समझाया गया कि तहरीर मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी. इसके बाद अंतिम संस्कार संपन्न हुआ. उन्होंने बताया कि गांव में फिलहाल शांति व्यवस्था बनी हुई है.

