बदायूं में रविवार को रोडवेज चौराहे पर आगे निकलने की कोशिश में एक साइकिल सवार दो बसों के बीच फंस गया. लोगों के समय पर हस्तक्षेप से उसकी जान बच गई. हादसे में साइकिल क्षतिग्रस्त हो गई, जबकि साइकिल सवार प्रमोद पन्नी को मामूली खरोंच आई.

बदायूं. जिले में रोडवेज चौराहे के पास एक साइकिल सवार दो रोडवेज बसों के बीच फंस गया. दोनों बसों के आगे निकलने की कोशिश के दौरान साइकिल सवार बसों की बॉडी से रगड़ खाता हुआ फंस गया. आसपास मौजूद लोगों ने शोर मचाकर दोनों बसों को रुकवाया, जिससे उसकी जान बच गई.

दो बसों के बीच फंसा

शहर के मथुरिया चौक निवासी प्रमोद पन्नी साइकिल से पॉलिथीन बेचने का काम करते हैं. रविवार दोपहर वह रोडवेज चौराहे से गुजर रहे थे, तभी वहां से एक साथ दो रोडवेज बसें निकल रही थीं.

इसी दौरान प्रमोद दोनों बसों के बीच आ गए और उनकी साइकिल समेत बसों की बॉडी से रगड़ लगने लगी. स्थिति देखकर उन्होंने शोर मचाना शुरू कर दिया.

लोगों ने रुकवाई बसें

प्रमोद को बसों के बीच फंसा देखकर आसपास मौजूद लोगों ने दोनों चालकों को आवाज दी और बसें रुकवाईं. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, समय रहते बसें नहीं रुकतीं तो प्रमोद दोनों वाहनों के बीच कुचले जा सकते थे.

हादसे में प्रमोद को मामूली खरोंच आई, जबकि उनकी साइकिल क्षतिग्रस्त हो गई. घटना के बाद दोनों बसें वहां से चली गईं.

चालकों की लापरवाही का आरोप

स्थानीय लोगों के मुताबिक, रोडवेज बस स्टैंड के पास चालक अक्सर आगे निकलने की कोशिश में लापरवाही से बसें चलाते हैं. तेज रफ्तार में बसें निकालने के कारण यहां इस तरह के हादसे का खतरा बना रहता है.

बताया गया कि रोडवेज बसों को आंबेडकर पार्क और पुलिस लाइंस चौराहे की ओर जाने वाले मार्ग पर खड़ा कर चालक सवारियों का इंतजार करते हैं. इसके बाद दूसरी बस के आगे बढ़ने पर चालक भी आगे निकलने की कोशिश करते हैं.

स्थानीय लोगों का कहना है कि बसों के इस तरह खड़े होने और आगे निकलने की होड़ के कारण रोडवेज चौराहे पर सुबह से शाम तक जाम की स्थिति बनी रहती है. रविवार को हुआ हादसा भी इसी तरह की स्थिति के दौरान हुआ.