बांकीपुर। हाल ही में संपन्न हुए तीन राज्यों की विधानसभा सीटों के उपचुनावों के नतीजे राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गए हैं। बिहार की बांकीपुर सीट पर हुए ऐतिहासिक उलटफेर ने सभी को चौंका दिया है, जहां जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने बीजेपी का तीन दशक पुराना किला ढाह दिया है। वहीं, मध्य प्रदेश के दतिया में कांग्रेस ने जीत दर्ज की है, जबकि गुजरात की मांजलपुर सीट पर बीजेपी अपनी साख बचाने में कामयाब रही है। इन परिणामों के बाद बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है।

​नितिन नवीन का पहला बयान और आत्ममंथन की बात

​सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन ने स्पष्ट किया कि पार्टी जनादेश का सम्मान करती है। उन्होंने गुजरात की मांजलपुर विधानसभा सीट पर जीत के लिए जनता का आभार जताया और कार्यकर्ताओं को बधाई दी। इसके साथ ही उन्होंने स्वीकार किया कि बांकीपुर और दतिया में पार्टी को अपेक्षित परिणाम नहीं मिले। उन्होंने कहा कि पार्टी इन परिणामों पर पूरी गंभीरता से आत्ममंथन करेगी और नई ऊर्जा के साथ जनता के बीच जाकर उनका विश्वास फिर से मजबूत करेगी।

​बांकीपुर में प्रशांत किशोर की ऐतिहासिक जीत

​उपचुनाव की सबसे चर्चित और हॉट सीट बिहार की बांकीपुर रही, जहां बड़ा राजनीतिक उलटफेर देखने को मिला। जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर ने यहां से शानदार जीत दर्ज करते हुए बीजेपी उम्मीदवार नीरज कुमार सिन्हा को 19,324 वोटों के अंतर से करारी शिकस्त दी। इस जीत के साथ प्रशांत किशोर ने पहली बार विधानसभा में कदम रखा है।
​यह सीट मूल रूप से नितिन नवीन के इस्तीफे से खाली हुई थी, जो बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद राज्यसभा पहुंचे थे। साल 1995 से ही यह सीट बीजेपी का अभेद्य गढ़ मानी जाती थी। यहां से नितिन नवीन खुद 2006 के उपचुनाव से लेकर 2025 तक लगातार प्रतिनिधित्व करते रहे थे। ऐसे में इस पारंपरिक गढ़ का हाथ से निकल जाना बीजेपी के लिए एक बहुत बड़ा झटका माना जा रहा है।

​दतिया और मांजलपुर उपचुनाव के नतीजे

​मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट पर भी बीजेपी को निराशा हाथ लगी। यहां कांग्रेस उम्मीदवार घनश्याम सिंह ने बीजेपी प्रत्याशी आशुतोष तिवारी को 6,000 से अधिक मतों से पराजित किया। दतिया में कांग्रेस की यह लगातार दूसरी जीत है, जिससे पार्टी खेमे में भारी उत्साह है। दूसरी ओर, बीजेपी ने इस हार की आंतरिक समीक्षा करने और जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई करने का संकेत दिया है।
​इसके विपरीत, गुजरात की मांजलपुर विधानसभा सीट पर बीजेपी ने अपना परचम लहराया। बीजेपी उम्मीदवार सतीश पटेल ने कांग्रेस प्रत्याशी भीखा रबारी को भारी मतों से शिकस्त दी। सतीश पटेल को 55,481 वोट मिले, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार को मात्र 24,851 वोट ही हासिल हो पाए। इस जीत से वडोदरा क्षेत्र में पार्टी की पारंपरिक पकड़ और अधिक मजबूत हो गई है।