संविधान पखवाड़ा कार्यक्रम में मचा सियासी घमासान, हुड्डा ने अधिकारियों को सुनाई खरी-खोटी, बोले- यह सरासर बदतमीजी है; स्पेशल बाई एयर आया हूं

हरियाणा में विधानसभा की ओर से आयोजित संविधान पखवाड़ा कार्यक्रम उस समय सियासी चर्चा का विषय बन गया, जब नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा होर्डिंग्स पर अपनी तस्वीर नहीं देखकर नाराज हो गए। नाराजगी इतनी बढ़ी कि हुड्डा कार्यक्रम स्थल से वापस लौटने लगे। उनके साथ कांग्रेस विधायक बीबी बत्रा और आफताब अहमद भी कार्यक्रम छोड़कर बाहर आ गए। हालांकि, बाद में विधानसभा अध्यक्ष और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के फोन पर आग्रह करने के बाद हुड्डा कार्यक्रम में वापस लौट आए।

जानकारी के अनुसार, संविधान पखवाड़ा कार्यक्रम में शामिल होने के लिए भूपेंद्र सिंह हुड्डा विशेष रूप से पहुंचे थे। कार्यक्रम स्थल पर लगे होर्डिंग्स पर अपनी तस्वीर नहीं देखकर उन्होंने कड़ी आपत्ति जताई। इसके बाद वह वहां से लौटने लगे। उनके साथ कांग्रेस विधायक बीबी बत्रा और आफताब अहमद भी बाहर निकल आए।

इस दौरान हुड्डा ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि यह सरकारी कार्यक्रम है, विधानसभा का कार्यक्रम नहीं। उन्हें मनाने पहुंचे अधिकारी के सामने भी उन्होंने कड़ा विरोध जताया। हुड्डा ने कहा, “यह सरासर बदतमीजी है। मैं इस कार्यक्रम के लिए स्पेशल बाई एयर आया था।”

स्पीकर और मुख्यमंत्री ने किया फोन, वापस लौटे हुड्डा

हुड्डा की नाराजगी के बाद कार्यक्रम स्थल पर हलचल मच गई। स्थिति को संभालने के लिए विधानसभा अध्यक्ष ने उनसे फोन पर बात की और कार्यक्रम में वापस आने का आग्रह किया। इसके बाद मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भी हुड्डा को फोन कर कार्यक्रम में शामिल होने का अनुरोध किया।

दोनों की ओर से आग्रह किए जाने के बाद भूपेंद्र सिंह हुड्डा कार्यक्रम में वापस लौट आए। उनके साथ कांग्रेस विधायक बीबी बत्रा और आफताब अहमद भी लौटे। इस पूरे घटनाक्रम के कारण कार्यक्रम की शुरुआत में कुछ देर तक असहज स्थिति बनी रही।

होर्डिंग्स पर तस्वीर को लेकर गरमाई सियासत

संविधान पखवाड़ा जैसे महत्वपूर्ण आयोजन में होर्डिंग्स पर नेता प्रतिपक्ष की तस्वीर नहीं होने का मामला अब चर्चा का विषय बन गया है। एक ओर हुड्डा ने इसे सरकारी कार्यक्रम की गरिमा और प्रोटोकॉल से जुड़ा मामला बताते हुए नाराजगी जताई, वहीं दूसरी ओर मुख्यमंत्री और विधानसभा अध्यक्ष को खुद हस्तक्षेप कर उन्हें मनाना पड़ा। कार्यक्रम में हुई इस घटना ने हरियाणा की राजनीति में एक नई चर्चा छेड़ दी है।