कुमार इंदर, जबलपुर। मध्य प्रदेश के जबलपुर में जगतगुरु स्वामी राघवदेवाचार्य महाराज को दी गई ‘सर तन से जुदा’ करने की धमकियों के मामले में मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। मामले में लंबे समय से पुलिसिया कार्रवाई न होने पर दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने एसपी जबलपुर को 45 दिनों के भीतर वैधानिक कार्रवाई पूरी कर केस का निपटारा करने के सख्त निर्देश जारी किए हैं।
मामला 11 अप्रैल 2025 का
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह पूरा विवाद अप्रैल 2025 का है। देवी-देवताओं के अपमान की शिकायत: 11 अप्रैल 2025 को जगतगुरु स्वामी राघवदेवाचार्य ने सोशल मीडिया पर हिंदू देवी-देवताओं के खिलाफ की जा रही अपमानजनक टिप्पणियों को लेकर पुलिस से शिकायत की थी। शिकायत दर्ज कराने के तुरंत बाद दूसरे समुदाय के असामाजिक तत्वों द्वारा जगतगुरु को सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से ‘सर तन से जुदा’ करने और जान से मारने की सीधी धमकियाँ दी जाने लगीं। जगतगुरु की शिकायत के बाद जबलपुर के मदन महल पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया था। इस मामले में कुल 20 लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया था।
पुलिसिया ढिलाई से आरोपी जमानत पर, बाकी की नहीं हुई गिरफ्तारी
हाईकोर्ट में दायर याचिका में पुलिस की जांच प्रक्रिया और ढिलाई पर कई गंभीर सवाल खड़े किए गए। शिकायत के बाद मदन महल पुलिस ने शुरुआती चरण में महज 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया था। हालाँकि, बाद में ये तीनों आरोपी न्यायालय से जमानत पर रिहा हो गए। याचिकाकर्ता की ओर से कोर्ट को बताया गया कि घटना के महीनों बीत जाने के बाद भी पुलिस ने न तो बाकी के नामजद आरोपियों को गिरफ्तार किया और न ही संबंधित अदालत में मामले का चालान (चार्जशीट) पेश किया, जिससे आरोपियों के हौसले बुलंद हैं।
हाईकोर्ट की एसपी को सख्त हिदायत
मामले की गंभीरता को देखते हुए हाईकोर्ट ने जबलपुर पुलिस अधीक्षक (SP) को निर्देशित किया है कि वह इस पूरे प्रकरण की व्यक्तिगत निगरानी करें और 45 दिन की तय समय-सीमा के भीतर सभी लंबित वैधानिक प्रक्रियाओं को पूरा करते हुए केस का निपटारा सुनिश्चित करें। हाईकोर्ट के इस कड़े रुख के बाद अब जबलपुर पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई है।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m

