महासमुंद। छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में अवैध धान भंडारण और कस्टम मिलिंग में गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ प्रशासन ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है. बुधवार को संयुक्त टीम ने पितावली राइस मिल पर छापेमारी करते हुए भारी अनियमितता पाए जाने पर उसे सील कर दिया. जांच में रिकॉर्ड और मौके पर मौजूद स्टॉक में जमीन-आसमान का अंतर पाया गया.


भारी मात्रा में धान और चावल जब्त
प्रशासनिक टीम द्वारा पितावली राइस मिल में की गई भौतिक सत्यापन की कार्रवाई में निम्नलिखित जब्ती की गई है:
- धान: 26,329 क्विंटल (लगभग 65,823 कट्टे)
- चावल: 1733.63 क्विंटल (लगभग 3,567 कट्टे)
- वाहन: मंडी द्वारा धान से भरे 4 ट्रकों को भी जब्त कर महासमुंद थाने की अभिरक्षा में सौंपा गया है.
रिकॉर्ड में हेराफेरी, भौतिक सत्यापन में खुली पोल
मंडी अभिलेखों के अनुसार खरीदे गए धान का जो रिकॉर्ड था, वह मिल परिसर में मिले स्टॉक से मेल नहीं खा रहा था. इस गंभीर लापरवाही और नियम उल्लंघन को देखते हुए राजस्व, खाद्य, पुलिस और मंडी समिति की संयुक्त टीम ने तत्काल मिल को सील करने की कार्रवाई की.
जिले की 108 राइस मिलों की हुई जांच, 31 में मिला ‘एक्स्ट्रा स्टॉक’
महासमुंद जिले में कस्टम मिलिंग के तहत कुल 172 राइस मिलों का पंजीयन है. प्रशासन अब तक 108 मिलों का भौतिक सत्यापन पूरा कर चुका है, जिसके परिणाम चौंकाने वाले हैं:
- 10 राइस मिलों में स्टॉक से कम धान पाया गया.
- 31 राइस मिलों में रिकॉर्ड से ज्यादा धान का स्टॉक मिला. इन सभी मामलों में प्रशासन नियमानुसार कड़ी कार्रवाई कर रहा है.
कलेक्टर का बयान: “धान खरीदी की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रहे, इसके लिए परिवहन और भंडारण पर लगातार नजर रखी जा रही है. किसी भी तरह की अनियमितता पाए जाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी. यह अभियान आगे भी जारी रहेगा.”
रही है.
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