रांची। भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत आज झारखंड के दौरे पर पहुंच रहे हैं। अपने दौरे के दौरान वे देवघर और रांची में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होंगे। सबसे पहले सीजेआई देवघर सिविल कोर्ट परिसर में आयोजित राज्यस्तरीय विधिक सेवा-सह-सशक्तीकरण शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे। इसके बाद शाम 7:30 बजे रांची पहुंचेंगे, जहां झारखंड हाईकोर्ट परिसर में 35 करोड़ रुपये की लागत से तैयार अत्याधुनिक डेटा सेंटर का उद्घाटन करेंगे।
देवघर में विधिक सेवा-सह-सशक्तीकरण शिविर में होंगे शामिल
सीजेआई सूर्यकांत देवघर सिविल कोर्ट परिसर में आयोजित राज्यस्तरीय विधिक सेवा-सह-सशक्तीकरण शिविर में मुख्य अतिथि होंगे। कार्यक्रम में सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस एस. चंद्रशेखर और जस्टिस अपरेश कुमार सिंह विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। वहीं, झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद और जस्टिस रंगन मुखोपाध्याय भी मौजूद रहेंगे।
इस शिविर के माध्यम से जरूरतमंदों और पीड़ितों को सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। पीड़ितों के बीच मुआवजे के चेक वितरित किए जाएंगे। इसके अलावा प्रोजेक्ट शिशु के लाभुकों को सहायता दी जाएगी। विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत 10 हजार से अधिक लाभुकों के बीच परिसंपत्तियों का वितरण भी किया जाएगा।
पलामू और रांची में विधिक सहायता क्लिनिक का उद्घाटन
देवघर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सीजेआई डिजिटल माध्यम से पलामू और रांची में विधिक सहायता क्लिनिकों का उद्घाटन करेंगे। इन क्लिनिकों के जरिए संबंधित क्षेत्रों के लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने की व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। इससे जरूरतमंद लोगों के लिए न्यायिक सहायता तक पहुंच आसान बनाने की दिशा में पहल होगी।
35 करोड़ के डेटा सेंटर से मजबूत होगा न्यायिक सिस्टम
देवघर में कार्यक्रम के बाद सीजेआई सूर्यकांत शाम 7:30 बजे रांची पहुंचेंगे। यहां धुर्वा स्थित झारखंड हाईकोर्ट परिसर में 35 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित अत्याधुनिक डेटा सेंटर का उद्घाटन करेंगे।
इस डेटा सेंटर से झारखंड हाईकोर्ट के साथ-साथ राज्य की अधीनस्थ अदालतों का डिजिटल बुनियादी ढांचा मजबूत होगा। न्यायिक रिकॉर्ड की सुरक्षा, सूचनाओं तक आसान पहुंच और अदालतों के कामकाज में आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल को बढ़ावा मिलेगा।
हाईकोर्ट की नई वेबसाइट और मोबाइल ऐप भी होंगे लॉन्च
इस कार्यक्रम के दौरान झारखंड हाईकोर्ट की नई आधिकारिक वेबसाइट भी लॉन्च की जाएगी। इसके साथ ही हाईकोर्ट और जिला अदालतों के लिए आईओएस मोबाइल ऐप तथा ऑनलाइन सर्टिफाइड कॉपी मॉड्यूल की शुरुआत होगी।
इसके अलावा अधिवक्ताओं के लिए पर्सनलाइज्ड कॉज लिस्ट की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। इन डिजिटल सुविधाओं से अधिवक्ताओं और आम लोगों को न्यायिक सेवाओं का लाभ ऑनलाइन माध्यम से प्राप्त करने में सहूलियत होगी।

