रांची। जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षा विवाद और छात्र आंदोलन के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने साफ कहा है कि परीक्षा गड़बड़ी की जांच में किसी भी स्तर पर कोई समझौता नहीं होगा। जांच एजेंसियों को पूरी आजादी दी गई है और अगर जरूरत पड़े तो मुख्यमंत्री आवास की भी जांच करने से पीछे नहीं हटना चाहिए।

विधानसभा में सर्वदलीय बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार इस पूरे मामले का ठोस और पारदर्शी समाधान निकालेगी। सरकार के दरवाजे सभी के लिए खुले हैं। छात्र अपनी मांगों के साथ आएं, सरकार उनकी हर बात गंभीरता से सुनेगी।

कई गिरफ्तार, जांच लगातार जारी

मुख्यमंत्री ने कहा कि सीआईडी पूरी मजबूती से जांच कर रही है। कई आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं और कई अन्य संदिग्धों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने कहा कि इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और जांच हर पहलू से की जाएगी।

विधायक दल की बैठक में भी दिखा सख्त रुख

सत्ता पक्ष की विधायक दल की बैठक में भी मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कर दिया कि जांच एजेंसियों को पूरी छूट दी गई है। उन्होंने कहा कि यदि जांच की कड़ी मुख्यमंत्री आवास तक भी पहुंचती है, तब भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। बैठक में विधायकों ने छात्र आंदोलन को लेकर चिंता जताई और सरकार की ओर से छात्रों से संवाद बढ़ाने पर सहमति बनी।

आज सरकार और छात्रों के बीच अहम वार्ता

जेपीएससी-जेएसएससी में कथित अनियमितताओं के विरोध में जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में छात्रों का आंदोलन लगातार जारी है। बुधवार शाम जिला प्रशासन के अधिकारी प्रदर्शन स्थल पहुंचे और सरकार की ओर से वार्ता का प्रस्ताव दिया। छात्रों ने प्रस्ताव स्वीकार करते हुए गुरुवार को प्रतिनिधिमंडल के साथ सरकार से बातचीत करने का फैसला लिया है।

पांच सदस्यीय टीम पर चर्चा

सूत्रों के मुताबिक, छात्रों से बातचीत के लिए चार मंत्रियों और एक वरिष्ठ अधिकारी की टीम तैयार की गई है। इसमें नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार, कल्याण मंत्री चमरा लिंडा, ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह, श्रम मंत्री संजय सिंह यादव और विकास आयुक्त अजय सिंह के शामिल होने की चर्चा है। हालांकि, सरकार की ओर से अभी तक इस संबंध में कोई आधिकारिक आदेश जारी नहीं किया गया है।

राज्यपाल से भी मिले मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने बुधवार को राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार से मुलाकात कर जेपीएससी-जेएसएससी विवाद और छात्र आंदोलन की पूरी जानकारी दी। राज्यपाल ने परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता, निष्पक्षता और युवाओं का भरोसा बनाए रखने पर जोर देते हुए कहा कि अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच बेहद जरूरी है। मुख्यमंत्री ने उन्हें भरोसा दिलाया कि सरकार छात्रों को न्याय दिलाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।