Lifestyle Desk – बच्चों के दांतों में कीड़े लगने यानी कैविटी की समस्या आजकल काफी आम हो गई है. इसकी सबसे बड़ी वजह गलत खानपान और ओरल हाइजीन की अनदेखी है. कई बार माता-पिता यह सोचकर बच्चों के दूध के दांतों की देखभाल पर ज्यादा ध्यान नहीं देते कि ये तो बाद में टूट जाएंगे, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार शुरुआती उम्र में दांतों की सही देखभाल न होने पर आगे चलकर स्थायी दांतों पर भी बुरा असर पड़ सकता है. ऐसे में कुछ आसान आदतें अपनाकर बच्चों के दांतों को स्वस्थ और मजबूत बनाया जा सकता है. आइए इसके बारे में जानते हैं विस्तार से.

दिन में दो बार ब्रश करने की आदत डालें
बच्चों को सुबह उठने के बाद और रात को सोने से पहले ब्रश करने की आदत जरूर सिखाएं. इससे दांतों पर जमा बैक्टीरिया और भोजन के कण साफ हो जाते हैं, जिससे कैविटी का खतरा कम होता है.
सही टूथपेस्ट का इस्तेमाल करें
बच्चों की उम्र के अनुसार फ्लोराइड युक्त टूथपेस्ट का इस्तेमाल करना फायदेमंद माना जाता है. फ्लोराइड दांतों की बाहरी परत यानी इनेमल को मजबूत बनाने में मदद करता है और सड़न से बचाता है.
मीठी चीजों का सेवन सीमित करें
चॉकलेट, टॉफी, कैंडी, कोल्ड ड्रिंक और ज्यादा चीनी वाले खाद्य पदार्थ दांतों में कीड़े लगने का प्रमुख कारण होते हैं. बच्चों को इनका सेवन कम मात्रा में करवाएं और खाने के बाद कुल्ला करने की आदत डालें.
कैल्शियम और विटामिन-डी से भरपूर आहार दें
दूध, दही, पनीर, हरी सब्जियां और अंडे जैसे खाद्य पदार्थ दांतों और हड्डियों को मजबूत बनाने में मदद करते हैं. बच्चों की डाइट में पोषक तत्वों से भरपूर भोजन शामिल करना जरूरी है.
रात में मीठा खाकर सोने न दें
कई बच्चे रात में दूध पीकर या मीठी चीजें खाकर सीधे सो जाते हैं. इससे दांतों पर शुगर लंबे समय तक बनी रहती है और बैक्टीरिया तेजी से बढ़ते हैं. इसलिए सोने से पहले ब्रश करवाना जरूरी है.
नियमित रूप से पानी पीने की आदत डालें
पर्याप्त मात्रा में पानी पीने से मुंह में मौजूद बैक्टीरिया और खाने के छोटे कण बाहर निकलने में मदद मिलती है. पानी मुंह को साफ रखने के साथ-साथ लार के उत्पादन को भी बढ़ाता है, जो दांतों की सुरक्षा करता है.
हर छह महीने में डेंटल चेकअप करवाएं
दांतों में किसी भी शुरुआती समस्या का पता समय पर लगाने के लिए नियमित डेंटल जांच जरूरी है. विशेषज्ञ समय रहते कैविटी या अन्य समस्याओं की पहचान कर उचित सलाह दे सकते हैं.
बच्चों को सही तरीके से ब्रश करना सिखाएं
सिर्फ ब्रश करना ही काफी नहीं है, बल्कि सही तकनीक भी जरूरी है. बच्चों को कम से कम दो मिनट तक दांतों की सभी सतहों को साफ करने की आदत सिखाएं. छोटे बच्चों की ब्रशिंग पर माता-पिता को नजर रखनी चाहिए.

