रांची। झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की परीक्षाओं में अनियमितता, ओएमआर शीट में हेराफेरी और पेपर लीक जैसे गंभीर मामलों की जांच कर रही सीआईडी ने बड़ी कार्रवाई की है। जांच एजेंसी ने मामले में पहली चार्जशीट दाखिल कर दी है। चार्जशीट में जेपीएससी की तत्कालीन उप परीक्षा नियंत्रक श्वेता कुमारी गुप्ता समेत पांच आरोपितों के नाम शामिल हैं।
सीआईडी ने जिन आरोपितों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है, उनमें जेपीएससी की तत्कालीन उप परीक्षा नियंत्रक श्वेता कुमारी गुप्ता, परीक्षा संचालन का जिम्मा संभालने वाली एजेंसी मेसर्स टीएसआर डेटा प्रोसेसिंग प्राइवेट लिमिटेड (टीडीपीएल) के मार्केटिंग मैनेजर मनोज कुमार तिवारी उर्फ अभय कुमार तिवारी, एजेंसी के निदेशक रामवीर सिंह और अन्य कर्मी उस्मान व एबाद शामिल हैं।
आपराधिक साजिश के तहत परीक्षा में गड़बड़ी का आरोप
सीआईडी ने चार्जशीट के साथ आरोपितों के खिलाफ दस्तावेजी और डिजिटल साक्ष्य भी अदालत में प्रस्तुत किए हैं। जांच एजेंसी के अनुसार, इन साक्ष्यों में आरोपितों के बयान भी शामिल हैं। जांच में कथित तौर पर सामने आया है कि आरोपितों ने आपराधिक साजिश के तहत जेपीएससी परीक्षाओं में अनियमितता की।
आरोप है कि परीक्षा में सीट बेचने और पैसे लेकर अयोग्य अभ्यर्थियों को उत्तीर्ण कराने जैसी गतिविधियों को अंजाम दिया गया। सीआईडी की इस कार्रवाई से जेपीएससी परीक्षा में कथित धांधली के मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई का रास्ता खुल गया है।

