सुशील खरे, रतलाम। मध्य प्रदेश के रतलाम जिले से एक बड़ी प्रशासनिक व कानूनी कार्रवाई की खबर सामने आई है। रावटी पुलिस थाने का घेराव कर ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों से अभद्रता, अपशब्द और धमकाने के मामले में पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है। एसपी अमित कुमार के सख्त निर्देशों के बाद पुलिस ने जिला पंचायत उपाध्यक्ष केशु निनामा, दो स्थानीय सरपंचों तथा 20 से 25 अन्य समर्थकों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संगीन धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है।

यह था विवाद का कारण

प्राप्त जानकारी के अनुसार, सोशल मीडिया पर एक संदेश वायरल हुआ था जिसमें रावटी क्षेत्र के कुछ लोगों को कथित तौर पर नक्सली विचारधारा से प्रेरित बताते हुए चुनाव में उपद्रव मचाने की साजिश की बात कही गई थी और प्रशासन से कार्रवाई की मांग की गई थी।इसी वायरल मैसेज से आक्रोशित होकर जिला पंचायत उपाध्यक्ष केशु निनामा अपने सहयोगियों और दो सरपंचों के साथ रावटी थाने पहुँच गए। उन्होंने समर्थकों के साथ थाने का घेराव कर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया।

खुद को प्रमोट करने के लिए किया घेराव

मामले में जानकारी देते हुए रावटी थाना प्रभारी मनीष डाबर ने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट से पुलिस का कोई सीधा संबंध नहीं था और न ही पुलिस द्वारा किसी विशेष समुदाय को टारगेट किया गया था।थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि जिला पंचायत उपाध्यक्ष केशु निनामा ने राजनीतिक लाभ और खुद को प्रमोट करने के उद्देश्य से इस मामले को बेवजह तूल दिया। प्रदर्शन के दौरान थाने के स्टाफ के साथ अभद्रता की गई और अमर्यादित व अशोभनीय शब्दों का प्रयोग करते हुए पुलिसकर्मियों को धमकाया गया।

बाउंड ओवर की तैयारी

थाने का घेराव करने और शासकीय कार्य में बाधा डालने पर पुलिस ने कठोर कानूनी कदम उठाया है। पुलिस ने केशु निनामा और उनके सहयोगियों के खिलाफ BNS की धारा 126(2) और 121(2) के तहत मामला दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी ने बताया कि मामले की विवेचना जारी है। भविष्य में इस प्रकार की कानून-विरोधी हरकतों की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए आरोपियों को कानूनी रूप से बाउंड ओवर (पाबंद) भी कराया जाएगा। पुलिस की इस सख्त कार्रवाई से जिले में अराजकता फैलाने वालों को कड़ा संदेश गया है।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m