गोरखपुर-गोंडा रेलखंड पर ऑटोमेटिक सिग्नलिंग व्यवस्था की शुरुआत के लिए रेलवे ने 10 और 11 अक्टूबर को ट्रेनों के संचालन में बड़ा बदलाव किया है। स्वामी नारायण छपिया, मसकनवा, लखपतनगर और मनकापुर स्टेशनों के बीच 18.82 किलोमीटर लंबे रेलखंड पर नॉन-इंटरलॉक कार्य चल रहा है। इसका सबसे अधिक प्रभाव बिहार से चलने और वहां से गुजरने वाली ट्रेनों पर पड़ा है। रेलवे ने यात्रियों की सुरक्षा और बेहतर सुविधा के लिए यह कदम उठाया है, ताकि भविष्य में ट्रेनों का आवागमन और अधिक सुरक्षित एवं सुगम हो सके।

​बदला गया इन प्रमुख ट्रेनों का मार्ग

  • ​डिब्रूगढ़-गोमती नगर एक्सप्रेस (15949): 9 अक्टूबर को चलने वाली यह ट्रेन छपरा, औंड़िहार, वाराणसी, अयोध्या कैंट और बाराबंकी के रास्ते चलाई जाएगी। इसके चलते यह सिवान, देवरिया सदर, गोरखपुर, खलीलाबाद, बस्ती और मनकापुर स्टेशनों पर नहीं रुकेगी।
  • ​अवध असम एक्सप्रेस (15909): डिब्रूगढ़ से चलने वाली यह ट्रेन भी परिवर्तित मार्ग छपरा-औंड़िहार-वाराणसी-अयोध्या कैंट-बाराबंकी से होते हुए गंतव्य तक पहुंचेगी। यह ट्रेन एकमा से गोंडा के बीच निर्धारित स्टेशनों पर नहीं ठहरेगी।
  • ​बिहार संपर्क क्रांति एक्सप्रेस (12565): दरभंगा से 10 अक्टूबर को चलने वाली यह ट्रेन गोरखपुर से सीधे बढ़नी होते हुए गोंडा के रास्ते संचालित होगी।
  • ​दरभंगा-गोमती नगर एक्सप्रेस (15561): यह गाड़ी मनकापुर, गोंडा और बाराबंकी के रास्ते डायवर्ट की गई है, जिससे यह अयोध्या धाम और अयोध्या कैंट स्टेशनों पर नहीं रुकेगी।
  • ​अन्य महत्वपूर्ण ट्रेनें: दिल्ली-सीतामढ़ी अमृत भारत (14048), आनंद विहार-मुजफ्फरपुर सप्तक्रांति (12558), दरभंगा-नई दिल्ली क्लोन स्पेशल (02569), नई दिल्ली-दरभंगा क्लोन स्पेशल (02570), तथा बरौनी-नई दिल्ली क्लोन स्पेशल (02563 और 02564) भी बदले हुए मार्गों से चलाई जा रही हैं।
  • ​लंबी दूरी की अन्य गाड़ियां: कटिहार-अमृतसर (15707), दरभंगा-खातीपुरा (19726), रक्सौल-आनंद विहार (15273), जयनगर-अमृतसर शहीद एक्सप्रेस (14673), जम्मूतवी-गुवाहाटी (15654), डिब्रूगढ़-चंडीगढ़ (15903) और उदयपुर सिटी-न्यू जलपाईगुड़ी (19601) के मार्ग भी बदले गए हैं।

​रास्ते में नियंत्रित की जाने वाली ट्रेनें

  • ​मार्ग परिवर्तन के अलावा सुरक्षा कार्यों के कारण पांच ट्रेनों को उनके रास्ते में रोककर या नियंत्रित गति से चलाया जाएगा:
  • ​पोरबंदर-मुजफ्फरपुर एक्सप्रेस (19269): इस ट्रेन को मार्ग में 135 मिनट तक नियंत्रित किया जाएगा।
  • ​बरौनी-लखनऊ एक्सप्रेस (15203): इसे वाराणसी और लखनऊ मंडल के अंतर्गत रोका जाएगा।
  • ​आनंद विहार-बापूधाम मोतिहारी एक्सप्रेस (14010): इसे 30 मिनट के लिए नियंत्रित किया जाएगा।
  • ​बांद्रा-बरौनी अवध एक्सप्रेस (19037): इस गाड़ी को पश्चिम मध्य रेलवे और उत्तर मध्य रेलवे दोनों क्षेत्रों में 90-90 मिनट के लिए रोका जाएगा।
  • ​काठगोदाम-हावड़ा एक्सप्रेस (13020): इस ट्रेन को भी मार्ग में 90 मिनट का नियंत्रण झेलना होगा।

​रेलवे की यात्रियों से विशेष अपील

​रेलवे प्रशासन ने यात्रियों को सलाह दी है कि यात्रा शुरू करने से पहले अपनी ट्रेन के परिचालन और डायवर्जन की स्थिति की पूरी जानकारी अवश्य प्राप्त कर लें। कई गाड़ियों के स्टेशनों पर ठहराव रद्द किए गए हैं, ताकि असुविधा से बचा जा सके। बेहतर होगा कि यात्री रेलवे हेल्पलाइन या एनटीईएस (NTES) ऐप के जरिए ताजा अपडेट जांच लें।