रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से जुड़े बड़गांई अंचल की 8.86 एकड़ जमीन मामले में आज रांची की विशेष PMLA अदालत में सुनवाई होनी है। अदालत में उनके खिलाफ आरोप गठन पर बहस होगी। 21 सितंबर को तकनीकी समस्या के कारण सुनवाई नहीं हो सकी थी, जिसके बाद अदालत ने अगली तारीख 24 सितंबर तय की थी।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से पेशी की अनुमति
विशेष अदालत ने हेमंत सोरेन को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पेश होने की अनुमति दी थी। इससे पहले उनके अधिवक्ता ने आधिकारिक व्यस्तताओं का हवाला देते हुए पेशी के लिए समय मांगा था।
8.86 एकड़ जमीन से जुड़ा है मामला
मामला रांची के बड़गांई इलाके की 8.86 एकड़ जमीन से जुड़ा है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने जमीन के रिकॉर्ड में कथित हेरफेर और अवैध अधिग्रहण से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जांच की है। हेमंत सोरेन ने इन आरोपों से इनकार किया है।
डिस्चार्ज पिटीशन जून में हो चुकी है खारिज
विशेष PMLA अदालत ने 8 जून 2026 को हेमंत सोरेन की डिस्चार्ज पिटीशन खारिज कर दी थी। इसके बाद उन्होंने इस आदेश को झारखंड हाईकोर्ट में चुनौती दी। हाईकोर्ट ने 18 सितंबर को विशेष अदालत की कार्यवाही पर रोक लगाने की उनकी याचिका खारिज कर दी, जिसके बाद निचली अदालत में कार्यवाही आगे बढ़ने का रास्ता साफ हुआ।
21 सितंबर को तकनीकी वजह से टली थी सुनवाई
21 सितंबर को आरोप गठन की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी। रिपोर्टों के मुताबिक, सुनवाई के दौरान तकनीकी सर्वर समस्या सामने आई, जिसके बाद अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 24 सितंबर को निर्धारित की।अब सभी की नजरें आज होने वाली सुनवाई पर हैं, जहां अदालत में आरोप गठन से जुड़ी कार्यवाही आगे बढ़ेगी।


