जालौन के जिलाधिकारी समीर ने उच्च प्राथमिक विद्यालय, कांशीराम कॉलोनी पहुंचकर श्रुति की पढ़ाई और उपस्थिति का जायजा लिया. पारिवारिक परिस्थितियों और शारीरिक स्थिति के कारण औपचारिक शिक्षा से वंचित रही श्रुति का दाखिला प्रशासन की पहल पर कराया गया था.

जालौन. उत्तर प्रदेश के जालौन में जिलाधिकारी समीर बुधवार को कांशीराम कॉलोनी स्थित उच्च प्राथमिक विद्यालय पहुंचे. यहां उन्होंने श्रुति से मुलाकात कर उसकी पढ़ाई, स्कूल में उपस्थिति और सीखने के अनुभवों के बारे में जानकारी ली. जिलाधिकारी ने कहा कि किसी भी बच्चे की शिक्षा परिस्थितियों के कारण नहीं रुकनी चाहिए और हर बच्चे को आगे बढ़ने का अवसर मिलना चाहिए.

जनता दर्शन में पहुंची थी श्रुति

कुछ दिन पहले श्रुति अपने पिता के साथ जनता दर्शन में जिलाधिकारी से मिलने पहुंची थी. बातचीत के दौरान समीर को पता चला कि पारिवारिक परिस्थितियों और बालिका की शारीरिक स्थिति के चलते वह औपचारिक शिक्षा हासिल नहीं कर पा रही थी.

मामले की जानकारी मिलने के बाद जिलाधिकारी ने जिला प्रशासन और बेसिक शिक्षा विभाग के अधिकारियों को आवश्यक पहल कर श्रुति का स्कूल में दाखिला कराने के निर्देश दिए थे. इसी पहल के बाद अब जिलाधिकारी स्वयं उसकी पढ़ाई की स्थिति जानने विद्यालय पहुंचे.

पढ़ाई के लिए बढ़ाया हौसला

विद्यालय में जिलाधिकारी ने श्रुति से बातचीत की और उसकी पढ़ाई को लेकर जानकारी ली. उन्होंने कहा कि अन्य बच्चों के साथ नियमित रूप से स्कूल आने और पढ़ाई करने से श्रुति की सीखने में रुचि बढ़ेगी और उसे जीवन में आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा.

इस दौरान जिलाधिकारी समीर जमीन पर बैठकर श्रुति से बातचीत करते नजर आए. उनकी इस पहल का उद्देश्य बालिका की शिक्षा की स्थिति जानना और उसे नियमित पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित करना था.