पटना। जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने हाल ही में हुए विधान परिषद (MLC) चुनाव के परिणामों की समीक्षा के लिए पटना स्थित पार्टी कार्यालय में एक उच्चस्तरीय बैठक बुलाई है। चार में से तीन सीटों पर हार का सामना करने के बाद पार्टी अब इस असफलता के कारणों, संगठनात्मक कमियों और चुनावी प्रक्रिया में नेताओं की भूमिका का बारीकी से विश्लेषण कर रही है।
प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा की अध्यक्षता में हो रही इस बैठक में राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा, नीतीश कुमार के पुत्र एवं मंत्री निशांत कुमार समेत पार्टी के कई दिग्गज नेता शामिल हैं। बैठक में हारने वाले और जीतने वाले उम्मीदवारों के साथ-साथ संबंधित जिलों के जिलाध्यक्षों को भी बुलाया गया है ताकि जमीनी स्तर की रिपोर्ट ली जा सके।
बीजेपी के साथ गठबंधन पर क्या बोले उमेश कुशवाहा?
चुनाव परिणामों और राजनीतिक चर्चाओं के बीच एनडीए गठबंधन को लेकर उठ रहे सवालों पर प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने स्पष्ट किया कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) के साथ उनका रिश्ता ‘फेविकोल’ की तरह अटूट है। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं और नेताओं को गठबंधन को लेकर किसी भी तरह की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि दोनों दलों का तालमेल पूरी तरह मजबूत है।
यह समीक्षा बैठक इस बात पर केंद्रित है कि पार्टी आगामी राजनीतिक रणनीतियों को कैसे बेहतर बना सकती है और संगठन की उन कमजोरियों को कैसे दूर किया जा सकता है जिनके कारण पार्टी को तीन सीटों पर नुकसान उठाना पड़ा।

