रांची। झारखंड में स्वास्थ्य सुविधाओं और मेडिकल शिक्षा के विस्तार की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। राज्य के चार जिलों में पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मोड पर मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल खोलने की योजना है। इसके पहले चरण में जामताड़ा में 420 बेड की क्षमता वाला मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल स्थापित किया जाएगा, जहां MBBS की 100 सीटें होंगी। इस परियोजना के लिए गुरुवार को स्वास्थ्य विभाग और मेसर्स मणि मनीष हॉस्पिटल प्राइवेट लिमिटेड (MMHPL) के प्रतिनिधियों के बीच आशय पत्र (LOI) पर हस्ताक्षर किए गए।

खूंटी, जामताड़ा, धनबाद और गिरिडीह में खुलेंगे मेडिकल कॉलेज

झारखंड सरकार की योजना के पहले चरण में खूंटी, जामताड़ा, धनबाद और गिरिडीह में मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल खोलने की तैयारी है। इसी क्रम में जामताड़ा की परियोजना के लिए स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी और MMHPL के प्रतिनिधियों के बीच LOI पर हस्ताक्षर हुए।

इस दौरान स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह, विशेष सचिव डॉ. नेहा अरोड़ा और रिम्स निदेशक डॉ. डीके सिन्हा मौजूद रहे।

एक रुपये की टोकन मनी पर हुआ समझौता

अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने बताया कि परियोजना के लिए बिड जारी की गई थी। इसके बाद एक रुपये की टोकन मनी पर LOI हुआ है। योजना के तहत जामताड़ा सदर अस्पताल को अपग्रेड कर 420 बेड की क्षमता वाला अस्पताल बनाया जाएगा। यहां MBBS की 100 सीटों पर मेडिकल की पढ़ाई की व्यवस्था भी होगी।

उन्होंने बताया कि परियोजना में MMHPL लीड मेंबर के रूप में शामिल है। इसके साथ आई केयर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस एंड रिसर्च और डॉ. विधानचंद्र राय मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल भी जुड़े हैं।

जामताड़ा की पहचान मेडिकल कॉलेज से होगी: स्वास्थ्य मंत्री

LOI पर हस्ताक्षर के बाद स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि जब वह विधानसभा चुनाव लड़ रहे थे, तब उन्हें जीत को लेकर आशंका थी। चुनाव जीतने और स्वास्थ्य मंत्री बनने के बाद अब वह जामताड़ा की जनता की सेवा कर रहे हैं।

मंत्री ने कहा कि जल्द ही जामताड़ा मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल का शिलान्यास किया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि साइबर अपराध के लिए चर्चित रहे जामताड़ा की पहचान आने वाले समय में मेडिकल कॉलेज के रूप में भी बनेगी।

जल्द मिलेगी RIMS-2 के शिलान्यास की जानकारी

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि झारखंड में जल्द ही RIMS-2 के शिलान्यास को लेकर भी अच्छी खबर दी जाएगी। उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि एक रुपये की टोकन मनी पर मंदिर निर्माण के लिए समझौते किए जाते हैं, जबकि उनकी सरकार इसी तरह अस्पताल और मेडिकल कॉलेज की दिशा में काम कर रही है।

MBBS फीस तय करने के लिए बनेगी कमेटी

अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने बताया कि राज्य के निजी मेडिकल कॉलेजों में MBBS की पढ़ाई की फीस निर्धारित करने के लिए जल्द ही फीस फिक्सेशन कमेटी बनाई जाएगी। उन्होंने कहा कि मौजूदा फीस फिक्सेशन कमेटी सक्रिय नहीं है। नई व्यवस्था के जरिए निजी मेडिकल कॉलेजों की फीस संरचना तय करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।