रांची। करमा पूजा 2026 को लेकर झारखंड पुलिस मुख्यालय ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सभी जिलों को विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं। 22 और 23 सितंबर को होने वाले पर्व के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के जुटने की संभावना को देखते हुए पुलिस, प्रशासन, बिजली विभाग और एसडीआरएफ को आपसी समन्वय से काम करने को कहा गया है। खासतौर पर करम डाल विसर्जन के दौरान नदी, तालाब और जलाशयों में हादसों की आशंका को देखते हुए पहले से तैयारी करने का निर्देश दिया गया है।
2021 की घटनाओं से लिया सबक
पुलिस मुख्यालय ने अपने निर्देश में पिछले वर्षों में करमा पूजा के दौरान हुई घटनाओं का भी उल्लेख किया है। वर्ष 2021 में चाईबासा के रोरो नदी में करम डाल लेकर लौटने के दौरान एक युवक के डूबने की घटना हुई थी।
इसी वर्ष लातेहार के बालूमाथ थाना क्षेत्र के सेरेगड़ा गांव में करम डाल विसर्जन के दौरान पानी से भरे गड्ढे में डूबने से चार युवतियों की मौत हुई थी। बालूमाथ में ही एक अन्य घटना में 20 वर्षीय अजय उरांव की तालाब में डूबने से मौत हुई थी। वहीं बरियातू में 10 वर्षीय सूरज विश्वकर्मा और मनिका थाना क्षेत्र में करीब पांच वर्षीय रंजीत भुइयां की भी विसर्जन के दौरान डूबने से मौत हुई थी।
2022 में जुलूस के दौरान विवाद से बढ़ा था तनाव
मुख्यालय ने वर्ष 2022 में लोहरदगा में करमा विसर्जन जुलूस के दौरान हुए विवाद को भी गंभीरता से लिया है। जुलूस में शामिल कुछ युवकों द्वारा आदिवासी लड़कियों के फोटो-वीडियो बनाने को लेकर विवाद और तनाव की स्थिति बनी थी। मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
इसी तरह बोकारो के चंदनपुर थाना क्षेत्र में वीडियो बनाने से मना करने को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद और मारपीट की घटना सामने आई थी।
पूजा स्थलों और अखाड़ों पर विशेष निगरानी
पुलिस को सामुदायिक संवेदनशील स्थानों, पूजा स्थलों और अखाड़ों पर विशेष निगरानी रखने को कहा गया है। पूजा समितियों और शांति समिति के सदस्यों के साथ बैठक कर स्थानीय स्तर पर विवादित बिंदुओं का समाधान कराने का निर्देश दिया गया है।
पूजा स्थलों पर महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के लिए मजबूत बैरिकेडिंग की व्यवस्था करने तथा किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए त्वरित कार्रवाई की व्यवस्था रखने को कहा गया है।
DJ, भड़काऊ नारे और शराब पर नजर
पर्व के दौरान DJ पर बजने वाले उत्तेजक गीतों और भड़काऊ नारों पर लगातार निगरानी रखने का निर्देश दिया गया है। शराब बिक्री वाले स्थानों पर नजर रखने, जरूरत के अनुसार शराबबंदी संबंधी आदेश जारी करने और उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई करने को कहा गया है।
इसके अलावा अवैध शराब, प्रतिबंधित मांस की बिक्री और जुआ-अड्डों के खिलाफ भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
सोशल मीडिया पर भी रहेगी पुलिस की नजर
व्हाट्सऐप ग्रुप, फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी पुलिस निगरानी रखेगी। समुदाय, धर्म या जाति की भावनाओं को आहत करने वाली अथवा नफरत फैलाने वाली पोस्ट और टिप्पणियों पर नजर रखने को कहा गया है। ऐसे मामलों में संबंधित ग्रुप एडमिन की जानकारी और मोबाइल नंबर जुटाने का निर्देश दिया गया है।
जुलूस के रूट और बिजली तारों की होगी जांच
करमा जुलूस के मार्ग का पहले से निरीक्षण करने और कम ऊंचाई पर झूल रहे बिजली के तारों को दुरुस्त कराने का निर्देश दिया गया है। करम डाल ले जाते समय हाईटेंशन तारों से किसी तरह की दुर्घटना न हो, इसके लिए विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है।
बारिश के कारण नदियों और जलाशयों का जलस्तर बढ़ने की आशंका को देखते हुए विसर्जन स्थलों पर बैरिकेडिंग और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं। पर्याप्त पुलिस बल, PCR वाहन और जरूरत के अनुसार बचाव दल उपलब्ध रखने को कहा गया है।
जिलों से मांगी गई पूरी रिपोर्ट
पुलिस मुख्यालय ने सभी जिलों से करमा पूजा के आयोजन, संभावित भीड़, संवेदनशील स्थानों, जुलूस के मार्ग और पिछले वर्षों में हुई घटनाओं की जानकारी मांगी है। साथ ही पूजा समितियों, शांति समिति और स्थानीय महत्वपूर्ण लोगों के साथ समन्वय कर पर्व को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया है।



