मोतिहारी। बिहार के पूर्वी चंपारण जिले के हरसिद्धि थाना क्षेत्र में लव मैरिज करने वाले एक युवा जोड़े की जिंदगी का बेहद दुखद अंत हो गया। प्रेम विवाह के महज एक साल बाद ही आपसी विवाद और मानसिक तनाव के कारण पति-पत्नी दोनों ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतकों की पहचान परवेज आलम और सोनी खातून के रूप में हुई है।

​परिजनों की मर्जी के खिलाफ की थी लव मैरिज

स्थानीय लोगों के अनुसार, परवेज और सोनी के बीच काफी समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था। वे अक्सर छिप-छिपकर मिला करते थे। जब दोनों ने शादी करने का फैसला किया, तो उनके परिवारों ने इसका कड़ा विरोध किया। परिजनों के बीच काफी विवाद भी हुआ, लेकिन आखिरकार एक साल पहले दोनों ने परिवार की मर्जी के बिना शादी कर ली और अलग रहने लगे।

​6 महीने से चल रहा था मनमुटाव

शादी के कुछ समय बाद ही दोनों के रिश्ते बिगड़ने लगे। बीते छह महीनों से दोनों अलग रह रहे थे और सोनी अपने मायके चली गई थी। लगभग 15 दिन पहले सोनी के जीजा ने मध्यस्थता करते हुए परवेज को समझाया। इसके बाद परवेज सोनी को मनाकर घर वापस ले आया और दोनों ने साथ में नई शुरुआत करने की कोशिश की।

​एक पार्टी का विवाद और सिलसिलेवार सुसाइड

रविवार को दोनों को एक पार्टी में शामिल होना था, लेकिन उससे पहले ही किसी बात को लेकर उनके बीच झगड़ा हो गया। गुस्से में सोनी कमरे से बाहर चली गई। इसी बीच परवेज ने पंखे से फंदा लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। एक घंटे बाद जब सोनी कमरे में लौटी, तो उसने पति का शव लटका देखा।
​आनन-फानन में परिजन परवेज को गांव के ही एक स्थानीय डॉक्टर के पास ले गए, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। परिजन शव को वापस लाकर अंतिम संस्कार की तैयारी कर ही रहे थे कि गम में डूबी सोनी चुपके से कमरे में गई और उसी फंदे से लटककर जान दे दी, जिससे कुछ देर पहले उसके पति की मौत हुई थी।

​पुलिस की जांच और एफएसएल की कार्रवाई

मामले की जानकारी मिलने पर अरेराज डीएसपी पंकज कुमार मिश्रा और हरसिद्धि थानाध्यक्ष सुनील कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। FSL की टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस के अनुसार, परिजन कानूनी झंझटों से बचने के लिए पुलिस को बिना बताए शवों का अंतिम संस्कार करना चाहते थे, लेकिन ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।