कुमार उत्तम/मुजफ्फरपुर। उत्तर बिहार के सबसे बड़े अस्पताल श्री कृष्ण मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (SKMCH) में एक बार फिर स्वास्थ्य व्यवस्था और सुरक्षाकर्मियों के व्यवहार पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में आज उस समय रणक्षेत्र जैसी स्थिति बन गई, जब इलाज में लापरवाही के कारण एक घायल युवक की मौत हो गई। इसके बाद आक्रोशित परिजनों और अस्पताल के सुरक्षा गार्डों के बीच जमकर धक्का-मुक्की और हाथापाई हुई।

​एक्सीडेंट के बाद समय पर नहीं मिला इलाज

​मामला सड़क हादसे से जुड़ा है। जानकारी के अनुसार, कांटी कोटिया निवासी महेश पासवान का पुत्र संतोष पासवान विगत दिनों बोचांहा थाना क्षेत्र में काम करने गया था। लौटने के दौरान दरभंगा रोड पर वह भीषण सड़क हादसे का शिकार हो गया। स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए उसे इलाज के लिए SKMCH के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया। परिजनों का आरोप है कि संतोष की हालत अत्यंत गंभीर थी और उसे तत्काल गहन चिकित्सा की आवश्यकता थी, लेकिन डॉक्टरों ने उसे घंटों तक नजरअंदाज किया।

​अस्पताल में पसरा मातम, परिजनों का छलका दर्द

​आज सुबह जैसे ही संतोष ने दम तोड़ा, अस्पताल परिसर में कोहराम मच गया। मृतक के पिता महेश पासवान और अन्य परिजन बिलख-बिलख कर रोने लगे। पिता का आरोप है कि उनका बेटा घंटों इमरजेंसी में पड़ा रहा, लेकिन डॉक्टरों की मनमानी और ढुलमुल रवैये के कारण उसे सही समय पर उपचार नहीं मिला। उन्होंने सीधे तौर पर अस्पताल प्रबंधन को इस मौत का जिम्मेदार ठहराया है।

​सुरक्षाकर्मियों की दबंगई: पीड़ित परिवार से हाथापाई

​हंगामा तब और बढ़ गया जब वार्ड में तैनात सुरक्षाकर्मियों ने विरोध कर रहे परिजनों को शांत कराने के बजाय उनके साथ बदसलूकी शुरू कर दी। परिजनों का कहना है कि गार्ड्स ने उनके साथ धक्का-मुक्की की और मारपीट पर उतारू हो गए। आरोप है कि सुरक्षाकर्मियों ने गरीब परिजनों को डराया-धमकाया और ‘मरीज के अलावा कोई अंदर नहीं रहेगा’ का हवाला देकर उन्हें जबरन वार्ड से बाहर धकेल दिया।

​व्यवस्था पर उठे सवाल

​परिजनों ने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि लोग यहां जीवन बचाने की उम्मीद लेकर आते हैं, लेकिन यहां न तो संवेदना है और न ही सही इलाज। गरीब मरीजों के साथ सुरक्षाकर्मियों का हिंसक व्यवहार अब आम बात हो गई है। फिलहाल, अस्पताल में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है और स्थानीय पुलिस मामले को शांत कराने की कोशिश कर रही है।