एसडीएम शिवजीत भारती के निर्देशानुसार नारायणगढ़ में कुत्तों की संख्या नियंत्रित करने और जन सुरक्षा के लिए नसबंदी अभियान शुरू किया जा रहा है।
राजेश वर्मा, अंबाला। जिले के नारायणगढ़ में जन सुरक्षा और पशु कल्याण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। एसडीएम शिवजीत भारती ने जानकारी देते हुए बताया कि नगरपालिका नारायणगढ़ द्वारा जल्द ही आवारा और पालतू कुत्तों के लिए टीकाकरण और पशु जन्म नियंत्रण (Animal Birth Control – ABC) कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। उन्होंने इस अभियान को शहर में पशुओं के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने और आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या को नियंत्रित करने के लिए एक आवश्यक कदम बताया है। प्रशासन ने इस सामाजिक कार्य में स्थानीय नागरिकों से स्वयंसेवक के रूप में आगे आने और जागरूकता फैलाने में सहयोग करने की भावुक अपील की है।
नियमों का पालन और स्वयंसेवकों की भागीदारी
नगरपालिका सचिव राजेश कुमार ने बताया कि यह पूरा अभियान भारत सरकार के ‘पशु जन्म नियंत्रण नियम 2023’ और ‘पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960’ के तहत संचालित किया जाएगा। कार्यक्रम की सफलता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए स्कूलों और कॉलेजों के प्रधानाचार्यों को पत्र लिखकर स्वयंसेवकों का विवरण मांगा गया है। इच्छुक छात्र और नागरिक 7 दिनों के भीतर अपने नाम और मोबाइल नंबर ईमेल या नगरपालिका कार्यालय के माध्यम से भेज सकते हैं। इसके अलावा, प्रशासन ने पशु प्रेमियों और विशेषज्ञों से आगामी 10 दिनों के भीतर सुझाव भी आमंत्रित किए हैं, ताकि इस अभियान को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके। उत्कृष्ट सुझाव देने वाले और सक्रिय सहयोगियों को हरियाणा सरकार द्वारा सम्मानित भी किया जाएगा।
पालतू जानवरों का पंजीकरण और कानून का सुदृढ़ीकरण
नारायणगढ़ क्षेत्र के निवासी एवं भारतीय जीव-जंतु कल्याण बोर्ड के मानद प्रतिनिधि विशाल कुमार शर्मा ने इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि ABC कार्यक्रम मानव-पशु संघर्ष (Human-Animal Conflict) को रोकने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा। नगरपालिका ने शहर के उन सभी निवासियों को भी सख्त निर्देश दिए हैं, जिन्होंने अपने घरों में पालतू कुत्ते या बिल्लियाँ रखी हुई हैं, कि वे इसकी आधिकारिक जानकारी तत्काल नगरपालिका कार्यालय में दर्ज कराएं। इस अभियान के माध्यम से न केवल पशु क्रूरता पर रोक लगेगी, बल्कि शहर में एक ऐसी संस्कृति विकसित होगी जहाँ मनुष्य और जीव-जंतु शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व के साथ रह सकेंगे।
अतिरिक्त जानकारी: आवेदन और संपर्क विवरण
इच्छुक स्वयंसेवक अपनी जानकारी ईमेल आईडी [email protected] पर भेज सकते हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पालतू कुत्तों का पंजीकरण अनिवार्य है ताकि उनके टीकाकरण का रिकॉर्ड रखा जा सके। मत्स्यपालन, पशुपालन एवं डेयरी मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के अनुसार चलने वाले इस ABC कार्यक्रम की निगरानी के लिए एक विशेष समिति का भी गठन किया जाएगा, जो कार्य की गुणवत्ता और नियमों के पालन की समीक्षा करेगी।

