सोनू वर्मा, नूंह। सदर थाना तावडू क्षेत्र में झाड़-फूंक और उपचार के बहाने महिला को कथित रूप से बंधक बनाकर सामूहिक दुष्कर्म करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत और प्रारंभिक जांच के आधार पर एक मौलवी समेत पांच नामजद आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पीड़िता ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 22 मई को वह अपने बच्चे के उपचार के लिए पलवल जिले के मठेपुर गांव स्थित एक मौलवी के पास गई थी। आरोप है कि मौलवी ने बच्चे पर ऊपरी बाधा होने की बात कहकर अगले दिन तावडू के खोरी गांव स्थित अपने ठिकाने पर बुलाया। महिला के अनुसार, वहां पहुंचने पर उसे बताया गया कि उपचार सूर्यास्त के बाद होगा। इसी दौरान उसे एक पेय पदार्थ पिलाया गया, जिसके बाद वह बेहोश हो गई।

महिला का आरोप है कि होश आने पर उसने खुद को एक कमरे में बंद पाया। शिकायत के मुताबिक, मौलवी और अन्य आरोपियों ने उसे बंधक बनाकर उसके साथ दुष्कर्म किया तथा बच्चे को जान से मारने की धमकी देकर चुप रहने के लिए मजबूर किया। पीड़िता ने आरोप लगाया कि बाद में उसे अलग-अलग स्थानों पर ले जाकर अन्य लोगों के साथ भी गलत काम कराया गया। इस दौरान उसकी सिम निकलवाकर परिजनों से बात कराई गई और बाद में सिम तोड़ दी गई।

पीड़िता के अनुसार, 23 जून की रात वह अपने बच्चे के साथ आरोपियों के चंगुल से निकलकर घर पहुंची और परिजनों को पूरी घटना बताई। 25 जून को पुलिस को शिकायत दी गई, लेकिन तत्काल कार्रवाई नहीं हुई। बाद में चिकित्सकीय जांच में उसके गर्भवती होने की जानकारी मिली। महिला का आरोप है कि आरोपियों ने उसके अश्लील फोटो और वीडियो भी वायरल कर दिए हैं तथा लगातार धमकियां दे रहे हैं।

मामले की जांच वरिष्ठ अधिकारियों के स्तर पर कराई गई। इसके बाद पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर सदर थाना तावडू में एक मौलवी, दो पुरुषों और दो महिलाओं सहित पांच आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है। नूंह पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से गहन जांच की जा रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।