हरियाणा कांग्रेस ने पंचकूला नगर निगम चुनाव की मतदाता सूची में 17,086 डुप्लीकेट प्रविष्टियों का दावा करते हुए इसे लोकतंत्र की हत्या की साजिश बताया है। पार्टी ने इस मामले में भाजपा नेताओं और संबंधित अधिकारियों पर एफआईआर दर्ज करने की मांग की है
कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने पंचकूला नगर निगम चुनाव 2026 को लेकर बड़ा राजनीतिक हमला बोलते हुए भाजपा सरकार पर “वोट चोरी” और मतदाता सूची में बड़े स्तर पर गड़बड़ी कराने के गंभीर आरोप लगाए हैं। कांग्रेस नेताओं ने दावा किया है कि पंचकूला नगर निगम की वोटर लिस्ट में 8,543 मतदाताओं के नाम डबल या ट्रिपल दर्ज पाए गए हैं, जिससे कुल 17,086 डुप्लीकेट एंट्रियां सामने आई हैं। कांग्रेस ने इसे लोकतंत्र पर सीधा हमला बताते हुए पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच और एफआईआर दर्ज करने की मांग की है।
हरियाणा प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय, चंडीगढ़ में जारी प्रेस विज्ञप्ति में कांग्रेस नेताओं Randeep Singh Surjewala, Rao Narender Singh और Chandramohan Bishnoi ने भाजपा सरकार पर लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित करने का आरोप लगाया। नेताओं ने कहा कि पहले देश के अलग-अलग राज्यों में वोटर सूची को लेकर सवाल उठे और अब पंचकूला नगर निगम चुनाव में भी वही “घिनौना खेल” दोहराने की कोशिश की जा रही है।

कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सत्ता के दुरुपयोग के जरिए चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करना चाहती है। प्रेस नोट में कहा गया कि पंचकूला हरियाणा की पहचान और गौरव का शहर है, लेकिन भाजपा सरकार के लंबे शासनकाल में शहर को अव्यवस्था और बदहाली की ओर धकेला गया है। कांग्रेस ने भाजपा की तथाकथित “ट्रिपल इंजन सरकार” पर निशाना साधते हुए इसे “ट्रिपल भ्रष्टाचार मॉडल” करार दिया।
कांग्रेस ने दावा किया कि यह मामला किसी राजनीतिक अनुमान पर नहीं, बल्कि मुख्य निर्वाचन अधिकारी, हरियाणा के डेटा के अध्ययन और स्वतंत्र क्रॉस-वेरिफिकेशन के आधार पर सामने आया है। पार्टी के अनुसार पंचकूला नगर निगम के 20 वार्डों की मतदाता सूचियों की जांच में 8,543 मतदाताओं के नाम दो या तीन बार दर्ज मिले। कांग्रेस का कहना है कि सीमित संसाधनों और कम समय में हुई जांच में ही इतना बड़ा आंकड़ा सामने आया है, जबकि वास्तविक संख्या इससे अधिक हो सकती है।
प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया कि कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने स्टेट इलेक्शन कमीशन और रिटर्निंग अधिकारी से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा है। साथ ही 17,086 डुप्लीकेट वोटों की सूची और 8,543 डुप्लीकेट मतदाताओं का विवरण भी आयोग को उपलब्ध कराया गया है। कांग्रेस ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

कांग्रेस ने अपनी मांगों में कहा कि संपूर्ण मतदाता सूची को तुरंत संशोधित और शुद्ध किया जाए। सभी डुप्लीकेट एंट्रियों को हटाकर वार्डवार शुद्ध मतदाता सूची सार्वजनिक डोमेन में जारी की जाए। साथ ही डुप्लीकेट एंट्रियों के पीछे की परिस्थितियों की समयबद्ध जांच कराई जाए, जिसमें चुनावी प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों और कथित रूप से लाभ लेने वाले लोगों की भूमिका की भी पड़ताल हो।
कांग्रेस नेताओं ने भारतीय दंड संहिता, जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 और नगर निगम अधिनियम के तहत एफआईआर दर्ज करने की मांग भी उठाई। प्रेस विज्ञप्ति में विशेष रूप से पूर्व मेयर Kulbhushan Goyal, भाजपा मेयर प्रत्याशी Shyam Lal Bansal और नगर निगम के 20 वार्डों से भाजपा प्रत्याशियों की भूमिका की जांच की मांग की गई है।
कांग्रेस ने बयान के अंत में कहा कि “पंचकूला की जनता जाग चुकी है” और वोट चोरी से जनादेश नहीं बदला जा सकता। पार्टी ने भाजपा सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि लोकतंत्र के साथ किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ को जनता बर्दाश्त नहीं करेगी।

