पटना। सिटी इलाके में पिछले कुछ दिनों से रसोई गैस की किल्लत और वितरण में हो रही धांधली के कारण आम जनता काफी परेशान थी। आए दिन गैस एजेंसियों पर हंगामे और विवाद की खबरें आ रही थीं। इस तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने एक अनूठा कदम उठाया, जिससे न केवल अव्यवस्था समाप्त हुई बल्कि लोगों ने राहत की सांस ली।
थाना बना वितरण केंद्र, उमड़ी भीड़
गुरुवार को पटना सिटी के मुंगलपुरा टीओपी (थाना आउटपोस्ट) परिसर में एक अलग ही नजारा देखने को मिला। यहां पुलिस की कड़ी निगरानी में गैस सिलेंडरों का वितरण किया गया। जैसे ही लोगों को पता चला कि थाने से गैस मिल रही है, वहां भारी भीड़ जमा हो गई। हालांकि, पुलिस की मौजूदगी के कारण कहीं भी अफरा-तफरी की स्थिति पैदा नहीं हुई। लगभग 400 उपभोक्ताओं को कतारबद्ध तरीके से शांतिपूर्ण ढंग से सिलेंडर उपलब्ध कराए गए।
एसडीएम के निर्देश पर प्रभावी कदम
थाना प्रभारी ने बताया कि यह विशेष पहल पटना सिटी अनुमंडल पदाधिकारी (SDM) के निर्देश पर की गई है। हाल के दिनों में गैस वितरण के दौरान होने वाली मारपीट और कालाबाजारी की शिकायतों को देखते हुए प्रशासन ने सीधे हस्तक्षेप करने का निर्णय लिया। पुलिस ने स्थानीय गैस एजेंसी के प्रतिनिधियों के साथ समन्वय बिठाया और उन्हें सुरक्षा का भरोसा देते हुए थाना परिसर में ही कैंप लगाने को कहा।
पुलिस का मानवीय चेहरा
आमतौर पर पुलिस का काम अपराध नियंत्रण माना जाता है, लेकिन इस घटना ने खाकी का मानवीय चेहरा पेश किया है। थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि पुलिस का लक्ष्य केवल कानून-व्यवस्था संभालना नहीं है, बल्कि संकट के समय जनता को बुनियादी सुविधाएं सुलभ कराना भी है। पुलिस के इस हस्तक्षेप से वितरण प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रही और बिचौलियों की भूमिका खत्म हो गई।
एजेंसी और जनता ने जताया आभार
गैस एजेंसी के प्रतिनिधियों ने इस व्यवस्था पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि पुलिस सुरक्षा के कारण वे बिना किसी दबाव के तेजी से काम कर सके। वहीं, स्थानीय निवासियों ने भी पुलिस की इस सक्रियता की जमकर सराहना की। लोगों का कहना था कि यदि हर बार इसी तरह व्यवस्थित वितरण हो, तो समय की बचत होगी और अनावश्यक विवादों से बचा जा सकेगा।

