कुंदन कुमार, पटना। बिहार की सियासत में एक बार फिर बयानबाजी का दौर तेज हो गया है। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के प्रदेश प्रवक्ता एवं नेता एजाज अहमद ने सत्तारूढ़ गठबंधन पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने भाजपा विधायक विनय बिहारी के कथित बयानों का हवाला देते हुए सरकार को आड़े हाथों लिया और गंभीर आरोप लगाए। राजद नेता का कहना है कि बिहार की मौजूदा सरकार पूरी तरह से प्रलोभन और कर्ज के सहारे चलाई जा रही है।

​भाजपा विधायक के बयान पर राजद का पलटवार

​एजाज अहमद ने दावा किया कि भाजपा विधायक विनय बिहारी ने खुद सच्चाई को उजागर कर दिया है। राजद नेता के मुताबिक, विधायक ने यह स्वीकार किया है कि महिलाओं के खातों में 10,000 रुपये जैसी राशि का प्रलोभन देकर यह सरकार बनाई गई थी। आज इस प्रकार की नीतियों के कारण बिहार की आम जनता को भारी खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सत्ता हासिल करने के लिए किए गए ऐसे वादे और प्रलोभन जनता के हित में नहीं हैं, बल्कि यह विशुद्ध रूप से राजनीतिक स्वार्थ को साधने का एक तरीका है।

​कर्ज लेकर घी पियो वाली कहावत चरितार्थ

​राजद नेता ने राज्य की वित्तीय स्थिति पर भी गहरी चिंता जताई है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार सरकार अपनी दैनिक आवश्यकताओं और रोजमर्रा के कामकाज को चलाने के लिए बड़े पैमाने पर कर्ज ले रही है। स्थिति ऐसी हो गई है कि पुरानी कहावत ऋणं कृत्वा घतं पिबेत् यानी कर्ज लेकर घी पियो, को सरकार ने चरितार्थ कर दिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लोगों को भारी-भरकम कर्ज के दलदल में धकेल दिया गया है, जबकि सत्ता में बैठे लोग इसका अनुचित लाभ उठा रहे हैं।

​वैचारिक शून्यता और स्वार्थ की राजनीति

​एजाज अहमद ने आगे कहा कि मौजूदा सत्ताधीशों को राज्य के विकास, नीतियों और जनता के विचारों से कोई लेना-देना नहीं बचा है। सत्ता में बने रहने के लिए केवल स्वार्थ की राजनीति की जा रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि जनता इन सब बातों को भली-भांति समझ रही है और आने वाले समय में इसका जवाब जरूर देगी। यह बयान ऐसे समय में आया है जब राज्य में राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला चरम पर है।