साहिबगंज। झारखंड के साहिबगंज जिले में बरहड़वा-बरहेट मुख्य मार्ग पर गुरुवार रात भीषण सड़क हादसा हो गया। रांगा थाना क्षेत्र के केशरो गांव के पास तेज रफ्तार हाइवा और टोटो (ई-रिक्शा) की आमने-सामने टक्कर में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि दो लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। हादसे का शिकार हुए सभी लोग फल-सब्जी बेचने का काम करते थे।

साप्ताहिक हाट से लौट रहे थे पांचों लोग

जानकारी के अनुसार, टोटो में सवार पांचों लोग रांगा साप्ताहिक हटिया में फल-सब्जी बेचने के बाद बरहड़वा लौट रहे थे। इसी दौरान केशरो गांव के पास विपरीत दिशा से आ रहे तेज रफ्तार हाइवा ने टोटो को सामने से जोरदार टक्कर मार दी।

टक्कर इतनी भीषण थी कि टोटो बुरी तरह चपटा होकर हाइवा के अगले पहिए में फंस गया। हादसे के बाद टोटो में सवार लोग भी वाहन के अंदर फंस गए।

मृतकों की हुई पहचान, दो गंभीर घायल

हादसे में मृतकों की पहचान मोगलपाड़ा निवासी साहिल शेख (18), कयूम खान (24) और धरमपुर निवासी किशोर साह (28) के रूप में हुई है।वहीं घायलों में मोगलपाड़ा निवासी सूरज खान (19) और अहिल खान (13) शामिल हैं। दोनों की हालत गंभीर बताई जा रही है।

हाइवा के नीचे फंसा था टोटो, बैक हो लोडर से निकाले गए लोग

हादसे के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों और राहगीरों ने तत्काल राहत-बचाव का काम शुरू किया और रांगा थाना पुलिस को सूचना दी।

पुलिस के पहुंचने पर टोटो हाइवा के नीचे बुरी तरह फंसा मिला। इसके बाद बैक हो लोडर मंगाकर हाइवा को हटाया गया और अंदर फंसे लोगों को बाहर निकालने का प्रयास किया गया।

घायलों को बरहड़वा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां चिकित्सक सरिता टुडू ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए रेफर कर दिया। इलाज के दौरान कयूम खान की मौत हो गई, जबकि साहिल शेख और किशोर साह ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया।

शव निकालने को लेकर मौके पर स्थिति तनावपूर्ण

पुलिस हाइवा में फंसे शवों को निकालने का प्रयास कर रही थी, लेकिन परिजनों ने इसका विरोध किया। बताया गया कि शव हाइवा में ही फंसे हुए थे। स्थिति को देखते हुए घटनास्थल पर कई थानों की पुलिस को भेजा गया है।

रांगा थाना प्रभारी अखिलेश यादव ने बताया कि हादसे में दो लोगों की मौके पर ही मौत हुई थी और घायलों को बरहड़वा अस्पताल भेजा गया। बाद में एक और मौत की सूचना मिली। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और ग्रामीणों को समझाकर शवों को निकालने का प्रयास जारी है।