समस्तीपुर। जिले में गुरुवार देर शाम पुलिस और अपराधियों के बीच एक मुठभेड़ का मामला सामने आया है। इस दौरान पुलिस की जवाबी कार्रवाई में 28 से अधिक संगीन मामलों में शामिल एक कुख्यात अपराधी के पैर में गोली लग गई। पुलिस ने घायल बदमाश समेत कुल दो अपराधियों को दबोचने में बड़ी सफलता हासिल की है। यह पूरी कार्रवाई मुसरीघरारी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गंगापुर इलाके में अंजाम दी गई।
फ्लिपकार्ट स्टोर लूटकांड से जुड़ा है मामला
समस्तीपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अरविंद प्रताप सिंह ने इस एनकाउंटर के संबंध में विस्तृत जानकारी साझा करते हुए बताया कि महज चार दिन पहले मुसरीघरारी थाना क्षेत्र में स्थित एक फ्लिपकार्ट कंपनी के डिलीवरी स्टोर में एक बड़ी लूट की वारदात को अंजाम दिया गया था।
इस घटना के खुलासे के लिए समस्तीपुर जिला पुलिस और एसटीएफ (स्पेशल टास्क फोर्स) की संयुक्त टीमें लगातार अपराधियों की धर-पकड़ के लिए संभावित ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी कर रही थीं। इसी अभियान के दौरान पुलिस को गुप्त सूत्रों से पुख्ता सूचना मिली कि कुछ बदमाश गंगापुर के पास इकट्ठा होकर किसी नई और बड़ी आपराधिक वारदात को अंजाम देने की साजिश रच रहे हैं।
बदमाशों ने की ताबड़तोड़ फायरिंग
सूचना मिलते ही पुलिस और एसटीएफ की टीम तुरंत हरकत में आई और बताए गए स्थान पर घेराबंदी करने के लिए पहुंच गई। पुलिस बल को अपनी ओर आते देख बदमाशों ने घबराहट में पुलिस टीम पर सीधे फायरिंग शुरू कर दी।
कानून व्यवस्था बनाए रखने और आत्मरक्षा में पुलिस ने भी बिना देर किए जवाबी कार्रवाई की। पुलिस की ओर से की गई इस फायरिंग में कुख्यात अपराधी मनीष सिंह के पैर में गोली जा लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा। पुलिस ने मौके का फायदा उठाते हुए मनीष सिंह और उसके एक अन्य साथी को धर दबोचा।
चार जिलों में 28 से अधिक गंभीर मामले दर्ज
पुलिस की शुरुआती जांच-पड़ताल में गिरफ्तार मुख्य अपराधी मनीष सिंह का आपराधिक इतिहास बेहद लंबा और खौफनाक निकला है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मनीष सिंह के खिलाफ समस्तीपुर के अलावा मुजफ्फरपुर, वैशाली और नालंदा सहित कुल चार जिलों में लूट, डकैती, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट से जुड़े 28 से अधिक संगीन मामले दर्ज हैं। पुलिस अब इस बात की भी गहनता से पूछताछ कर रही है कि इस गैंग के साथ और कौन-कौन लोग जुड़े हुए थे और वे आगे किस बड़ी वारदात की फिराक में थे।
सदर अस्पताल में इलाज जारी
मुठभेड़ में घायल होने के बाद कुख्यात मनीष सिंह को पुलिस ने तुरंत अपनी सख्त निगरानी में समस्तीपुर सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका डॉक्टर की देखरेख में इलाज चल रहा है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए सदर अस्पताल परिसर में सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए हैं। सदर डीएसपी सतीश सुमन के नेतृत्व में मुफस्सिल, नगर और मुसरीघरारी थाने की भारी पुलिस फोर्स को अस्पताल परिसर में तैनात किया गया है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके।
एसपी ने ली घटना की पूरी जानकारी
घटना के संबंध में एसपी अरविंद प्रताप सिंह ने बताया कि वे खुद उस समय रोसड़ा की ओर किसी आधिकारिक कार्य से जा रहे थे, तभी वायरलेस सेट के माध्यम से उन्हें इस मुठभेड़ की सूचना प्राप्त हुई। सूचना मिलते ही वे तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और पूरे मामले की बारीकी से जांच-पड़ताल शुरू की। पुलिस प्रशासन का कहना है कि क्षेत्र में कानून का राज स्थापित रखने के लिए अपराधियों के खिलाफ इस तरह का सख्त अभियान लगातार जारी रहेगा।

