Business Desk – Share Market Update : 29 मई को सेंसेक्स 76,100 पर ट्रेड कर रहा है, जिसमें 250 अंकों (0.30%) की बढ़त हुई है. निफ्टी में भी 50 अंकों (0.20%) की बढ़त देखी गई, और यह 23,960 के स्तर पर पहुँच गया. आज के ट्रेडिंग सत्र में IT शेयरों में सबसे ज़्यादा खरीदारी देखने को मिल रही है.

वैश्विक इक्विटी बाजारों में, हाल के ट्रेडिंग सत्र के दौरान एशियाई और अमेरिकी दोनों क्षेत्रों में सकारात्मक रुझान देखे गए. एशियाई बाजारों में जोरदार खरीदारी के चलते, प्रमुख सूचकांकों में अच्छी बढ़त दर्ज की गई, जबकि अमेरिकी बाजारों में हल्की लेकिन स्थिर तेजी बनी रही.
इसके विपरीत, भारतीय बाजारों को विदेशी निवेशकों की ओर से बिकवाली के दबाव का सामना करना पड़ा, जिसके परिणामस्वरूप पूरे बाजार में मिला-जुला माहौल बना रहा. एशियाई बाजारों में, कोस्पी (दक्षिण कोरिया) सूचकांक 8,382 के स्तर पर बंद हुआ, जिसमें 181 अंकों की बढ़त दर्ज की गई, जो 1.94 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है.
जापान का निक्केई सूचकांक 65,897 के स्तर पर पहुंच गया, जिसमें 1,203 अंकों की ज़ोरदार बढ़त देखी गई, जो 1.86 प्रतिशत की वृद्धि के बराबर है. हांगकांग का हैंग सेंग सूचकांक 25,066 के स्तर पर बंद हुआ, जिसमें 60 अंकों की मामूली बढ़त दर्ज की गई, जो 0.25 प्रतिशत की वृद्धि का संकेत है. कुल मिलाकर, एशियाई बाजारों में निवेशकों का भरोसा मजबूत नजर आया.
अमेरिकी बाजारों में भी पिछले सत्र के दौरान तेज़ी का रुझान देखने को मिला. डॉव जोन्स सूचकांक 50,669 के स्तर पर बंद हुआ, जिसमें 25 अंकों की मामूली बढ़त दर्ज की गई, जो 0.05 प्रतिशत की छोटी सी वृद्धि को दर्शाता है. नैस्डैक सूचकांक 26,917 के स्तर पर पहुंच गया, जिसमें 243 अंकों की बढ़त दर्ज की गई, जो 0.91 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है.
इसी तरह, S&P 500 सूचकांक 7,564 के स्तर पर बंद हुआ, जिसमें 43 अंकों की बढ़त दर्ज की गई, जो 0.58 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है. अमेरिकी बाजारों में देखी गई यह मजबूती मुख्य रूप से प्रौद्योगिकी और औद्योगिक क्षेत्रों में खरीदारी की गतिविधियों के कारण थी.
भारतीय बाजारों में, विदेशी निवेशकों का रुख मंदी वाला (bearish) बना रहा. 27 मई को, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs/FPIs) ने कुल 1,043 करोड़ के शेयरों की शुद्ध बिक्री की. यह लगातार बिकवाली के रुझान को दर्शाता है, जिससे बाजार पर दबाव बना हुआ है. हालांकि, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) ने इस दौरान मजबूत खरीदारी जारी रखी, जिससे बाजार को सहारा मिला.
घरेलू निवेशकों के आंकड़ों के अनुसार, DIIs ने पिछले सत्र में 3,821 करोड़ के शेयर खरीदे. पिछले सात दिनों में, यह आंकड़ा 9,039 करोड़ तक पहुंच गया, जबकि पिछले 30 दिनों में कुल खरीदारी 69,392 करोड़ रही. इसके विपरीत FIIs/FPIs ने पिछले सत्र में ₹1,043 करोड़ के शेयर बेचे. पिछले सात दिनों में कुल बिकवाली 2,629 करोड़ रही, और पिछले 30 दिनों में यह आँकड़ा 42,905 करोड़ तक पहुंच गया.
कुल मिलाकर, वैश्विक बाज़ारों से सकारात्मक संकेतों के बावजूद, भारतीय बाजारों में विदेशी निवेशकों द्वारा लगातार की जा रही बिकवाली चिंता का विषय बनी हुई है. फिर भी, घरेलू निवेशकों की मजबूत भागीदारी बाज़ार की स्थिरता बनाए रखने में अहम भूमिका निभा रही है.
सेंसेक्स 142 अंकों की गिरावट के साथ बंद हुआ
बकरी ईद की छुट्टी के कारण कल शेयर बाज़ार बंद रहा. इससे पहले, 27 मई को, सेंसेक्स 142 अंकों की गिरावट के साथ 75,868 पर बंद हुआ. निफ्टी में भी 7 अंकों की गिरावट देखी गई और यह 23,907 पर बंद हुआ. बैंकिंग शेयरों में बिकवाली का सबसे ज़्यादा दबाव देखा गया.

