० रविवार से शुरू होगी नियमित सेवा, सप्ताह में 6 दिन चलेगी ट्रेन; हर शुक्रवार रहेगा मेंटेनेंस डे

जींद। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुक्रवार को हरी झंडी दिखाकर रवाना की गई देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन शनिवार को पटरियों पर नहीं उतरी। उद्घाटन के अगले ही दिन ट्रेन का संचालन नहीं होने से यात्रियों में उत्सुकता के साथ कई सवाल भी उठे। हालांकि रेलवे ने स्पष्ट किया है कि यह पहले से तय परिचालन योजना का हिस्सा है।

रेलवे मुख्यालय, नई दिल्ली की ओर से जारी नए शेड्यूल के अनुसार अब हाइड्रोजन ट्रेन का नियमित संचालन रविवार, 19 जुलाई से शुरू होगा। ट्रेन सप्ताह में छह दिन चलेगी, जबकि हर शुक्रवार मेंटेनेंस के लिए सेवा बंद रहेगी।

जींद से सोनीपत के बीच चलेगी ट्रेन

देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन 89.1 किलोमीटर लंबे जींद–सोनीपत रेलखंड पर संचालित होगी। ट्रेन में 3200 किलोवाट क्षमता के दो इंजन लगाए गए हैं।

ट्रेन संख्या 74010 सुबह 7:40 बजे जींद से रवाना होकर 9:40 बजे सोनीपत पहुंचेगी।
वापसी में ट्रेन संख्या 74009 सुबह 10:40 बजे सोनीपत से चलकर 12:40 बजे जींद पहुंचेगी।

यात्रा के दौरान ट्रेन जींद सिटी, गोहाना, मोहाना समेत कुल 12 मध्यवर्ती स्टेशनों पर ठहरेगी।

हरियाणा के स्टील से तैयार हुई ट्रेन

हाइड्रोजन ट्रेन के निर्माण में जिंदल स्टेनलेस की अहम भूमिका रही है। ट्रेन में इस्तेमाल हुए कुल स्टेनलेस स्टील का करीब 40 प्रतिशत हिस्सा कंपनी ने हरियाणा के हिसार और ओडिशा के जाजपुर स्थित संयंत्रों से उपलब्ध कराया है।

इस विशेष स्टेनलेस स्टील की खासियत यह है कि यह जंग और रसायनों से प्रभावित नहीं होता, ट्रेन का वजन कम रखता है, ईंधन दक्षता बढ़ाता है और रखरखाव की लागत भी कम करता है।

420 किमी तक दौड़ेगी, बैटरी बैकअप भी मिलेगा

ट्रेन के दोनों इंजनों में 210-210 किलोग्राम, यानी कुल 420 किलोग्राम हाइड्रोजन भरी जा सकती है, जिससे यह करीब 420 किलोमीटर तक सफर कर सकती है।

अगर हाइड्रोजन प्रणाली में कोई तकनीकी दिक्कत आती है, तो ट्रेन लगभग 60 किलोमीटर तक बैटरी के सहारे भी चल सकेगी। इसके अलावा यात्रियों की सुविधा के लिए इसमें वंदे भारत एक्सप्रेस की तर्ज पर आधुनिक पैसेंजर इंफॉर्मेशन सिस्टम भी लगाया गया है।

उद्घाटन यात्रा को मिला शानदार स्वागत

शुक्रवार को उद्घाटन यात्रा के दौरान गोहाना, सोनीपत समेत कई रेलवे स्टेशनों पर हाइड्रोजन ट्रेन का भव्य स्वागत किया गया। लोगों ने शंखनाद, फूलों की वर्षा और पूजा-अर्चना के साथ ट्रेन का अभिनंदन किया। बड़ी संख्या में लोग इस ऐतिहासिक ट्रेन की एक झलक पाने और तस्वीरें लेने के लिए स्टेशनों पर पहुंचे। अब नियमित संचालन रविवार से शुरू होने के साथ यात्रियों को इस अत्याधुनिक ट्रेन में सफर का मौका मिलेगा।