Bihar News: बिहार में TRE-4 शिक्षक भर्ती परीक्षा को लेकर आंदोलन कर रहे छात्रों के लिए आज गुरुवार का दिन राहत भरी खबर लेकर आया। सरकार ने छात्रों की मांगों पर सहमति जताते हुए TRE-4 परीक्षा को एक ही चरण में कराने का फैसला किया है। अब अभ्यर्थियों को पीटी और मेंस के लिए दो अलग-अलग परीक्षाएं नहीं देनी होंगी।
सरकार ने मानी छात्रों की 10 मांगें
गौरतलब है कि छात्र लंबे समय से TRE-4 की परीक्षा एक चरण में कराने की मांग कर रहे थे। इसके लिए पटना के गर्दनीबाग में 18 अगस्त से धरना-प्रदर्शन चल रहा था। गुरुवार को शिक्षा विभाग के अधिकारियों और छात्र नेताओं के बीच हुई बैठक में कई मांगों पर सहमति बनी। सरकार ने छात्रों की 15 सूत्री मांगों में से 10 मांगों पर सरकार ने विचार करते हुए फैसला लिया है।
मिथिलेश तीवारी की ओर से माफीनामा आया….
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी सोशल मीडिया के जरिए सरकार के फैसले की जानकारी दी। सरकार की घोषणा सामने आने के बाद गर्दनीबाग धरनास्थल पर आंदोलन कर रहे छात्रों में खुशी की लहर दौड़ गई। धरना स्थल पर ही छात्र डफली लेकर नाचते-गाते नजर आए और अपनी जीत का जश्न मनाया।
इस दौरान छात्रों ने ‘जीत गए हम, जीत गए’ जैसे नारे लगाए। वहीं, कुछ छात्र डफली बजाकर छात्र नेता दिलीप कुमार के संघर्ष और शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी की ओर से माफीनामा आया गाकर अपनी जीत का जश्न मनाया।
मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को दिया धन्यवाद
सरकार के फैसले के बाद छात्रों ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का आभार जताया। छात्रों ने छात्र नेता दिलीप कुमार को भी धन्यवाद दिया। उनका कहना था कि TRE-4 को लेकर वे पिछले चार साल से लगातार संघर्ष कर रहे हैं। कई बार आंदोलन और प्रदर्शन के बाद अब सरकार ने उनकी मुख्य मांगों को मान लिया है।
छात्रों ने कहा कि एकल चरण में परीक्षा कराने का फैसला उनके लिए बड़ी राहत है। उनका दावा है कि दिलीप कुमार के नेतृत्व में लगातार किए गए संघर्ष के बाद यह मांग सरकार तक मजबूती से पहुंची और अब इस पर सहमति बनी है। TRE-4 की परीक्षा एक चरण में कराने के फैसले को आंदोलन कर रहे छात्रों की बड़ी जीत के तौर पर देखा जा रहा है।


