देहरादून. श्री बद्रीनाथ में हुए डीजे कंसर्ट को लेकर हरीश रावत ने धामी सरकार पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि श्री बद्रीनाथ सनातन के आस्था के उच्चतम केन्द्र है. सरकार ने पहले तो वहां विकास के नाम पर स्थानीय संस्कृति और परंपरा पर हथौड़ा चला दिया, ताकि कुछ ठेकेदार लाभान्वित हो सकें और अब डीजे कंसर्ट कराए जा रहे हैं. जिसमें ऐसे गानों का समावेश है. जिन्हें किसी भी रूप में आध्यात्मिक स्थल के लिए गाने और नाच दिखाया जा रहा है, जिसे किसी भी रूप में स्वीकार नहीं किया जा सकता.

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आगे हरीश रावत ने कहा कि बद्रीनाथ, केदारनाथ अत्यधिक संवेदनशील स्थल हैं. यहां ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित करना भी आवश्यक है. केवल प्लास्टिक को नियंत्रित करने से नहीं, बल्कि ध्वनि प्रदूषण को भी नियंत्रित करना आवश्यक है. नहीं तो अनावश्यक हिमस्खलन देखने को आएंगे, जिसका नुकसान सभी को उठाना पड़ेगा.

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हरीश रावत ने ये भी कहा कि सरकार राज्य की हो या केंद्र की हो, उनको तत्काल इस बात का ध्यान देना चाहिए कि यह सनातन धर्म के आस्था केंद्र पुरानी परंपराओं और व्यवस्थाओं के अनुरूप ही संचालित हों. सुविधाओं का विस्तार किया जाए, मगर वह स्थानीय परिवेश के अनुरूप किया जाए.