उत्तर प्रदेश सरकार का 15 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल 19 अक्टूबर को जापान के यामानाशी प्रांत के चार दिवसीय दौरे पर जाएगा. दौरे में ग्रीन हाइड्रोजन, इलेक्ट्रॉनिक्स और वैश्विक क्षमता केंद्र के क्षेत्र में निवेश को लेकर जापानी कंपनियों से करार किए जाएंगे.
लखनऊ. उत्तर प्रदेश में विदेशी निवेश बढ़ाने के प्रयासों के तहत राज्य सरकार का 15 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल 19 अक्टूबर को जापान के दौरे पर जाएगा. मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश अवस्थी के नेतृत्व में यह प्रतिनिधिमंडल जापान के यामानाशी प्रांत में चार दिन रहेगा.
दौरे के दौरान ग्रीन हाइड्रोजन, इलेक्ट्रॉनिक्स और वैश्विक क्षमता केंद्र यानी जीसीसी के क्षेत्र में निवेश को लेकर विभिन्न जापानी कंपनियों के साथ करार किए जाएंगे.
जापानी निवेशकों से संपर्क
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 22 से 26 फरवरी तक सिंगापुर और जापान की यात्रा की थी. इस दौरान उन्होंने जापान के यामानाशी प्रांत के 200 निवेशकों को उत्तर प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया था.
मुख्यमंत्री की यात्रा से पहले जनवरी में जापानी निवेशकों का एक दल उत्तर प्रदेश आया था. इसके बाद जापानी निवेशकों के दो दल राज्य का दौरा कर चुके हैं.
जापानी सिटी का दौरा
औद्योगिक विकास विभाग ने जापानी निवेशकों को यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के सेक्टर 5-ए में विकसित की जा रही जापानी सिटी का दौरा कराया था. निवेशकों को लखनऊ और अन्य जिलों में उपलब्ध भूमि के साथ सड़क, हवाई और रेल कनेक्टिविटी की जानकारी भी दी गई.
जापान की कनाडेविया कंपनी ने ग्रीन हाइड्रोजन के क्षेत्र में निवेश में रुचि दिखाई है. इसी दिशा में राज्य सरकार जापानी कंपनियों के साथ निवेश और तकनीकी सहयोग की संभावनाओं को आगे बढ़ा रही है.
कई विभागों के अधिकारी
जापान जाने वाले प्रतिनिधिमंडल में औद्योगिक विकास विभाग, उत्तर प्रदेश नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विकास अभिकरण यानी यूपीनेडा, आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग और इन्वेस्ट यूपी के अधिकारी शामिल होंगे.
कनाडेविया कंपनी के साथ आईआईटी कानपुर और बीएचयू में स्थापित किए जा रहे ग्रीन हाइड्रोजन के एक्सीलेंस सेंटरों के लिए तकनीकी सहयोग देने को लेकर पहले ही एमओयू हो चुका है. अब प्रस्तावित दौरे के दौरान निवेश से जुड़े अन्य अवसरों पर जापानी कंपनियों के साथ बातचीत की जाएगी.

